राजेसुल्तानपुर में बाढ़ के चलते नाव के सहारे स्कूल जाते बच्चे। - संवाद
राजेसुल्तानपुर (अंबेडकरनगर)। सरयू नदी के जलस्तर में कमीं होने से माझा क्षेत्र के ग्रामीणों ने राहत की सांस तो ली लेकिन कुर्मी प्रसाद का पूरा संपर्क मार्ग पर अभी भी बाढ़ का पानी भरा हुआ है। इससे बुधवार को भी नाव का संचालन जारी रहा। इस बीच जलस्तर में कमीं होने से हंसू का पूरा व कोरिया लोनिया का पूरा के निकट से पानी तो हटा लेकिन पटपरवा व कुर्मी प्रसाद का पूरा मजरा के पास अभी भी बाढ़ का पानी भरा हुआ है।
बीते कुछ दिनों से लगातार बढ़ते जलस्तर के बीच बुधवार को सरयू नदी के जलस्तर में मंगलवार की तुलना में कुछ कमीं आई है। इससे तेजी से मजरों के अंदर पानी पहुंच जाने की आशंका से चिंतित ग्रामीणों को कुछ राहत मिली। हंसू का पूरा व करिया लोनिया का पूरा से पानी कुछ जरूर हटा लेकिन कुर्मी प्रसाद का पूरा व पटपरवा मजरा तक अभी भी बाढ़ का पानी मौजूद है। इससे संबंधित मजरों के ग्रामीणों की मुश्किलें अभी भी बरकरार हैं।
इसके साथ ही कुर्मी प्रसाद का पूरा संपर्क मार्ग बीते दिनों ही पूरी तरह से जलमग्न हो गया था। इसके चलते नाव का संचालन प्रारंभ करना पड़ा था। बुधवार को जलस्तर में कमीं होने के बावजूद संपर्क मार्ग पर बाढ़ का पानी बरकरार है। इससे बुधवार को भी नाव का संचालन जारी रहा। लोगों को नाव के सहारे ही आवागमन करने को मजबूर होना पड़ा। कम्हरिया स्थित शिवमंदिर व धर्मशाला की सीढि़यां अभी भी पूरी तरह से जलमग्न हैं।
उधर जलस्तर में कमीं को देखते हुए माझा कम्हरिया के ग्रामीणों में कटान को लेकर आशंका बढ़ गई है। बीते दिनों जलस्तर में कमीं होने के बीच कटान के चलते क्षेत्र के ग्रामीणों को बड़ा नुकसान हुआ था। हालांकि कटान रोकने को लेकर प्रशासन द्वारा लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। कटान वाले क्षेत्र में अस्थायी ठोकर बनाए जाने का कार्य बाढ़ प्रखंड अयोध्या ने किया है। एसडीएम आलापुर सदानंद सरोज ने बताया कि जलस्तर में कमीं होना शुरू हो गई है। ग्रामीणोंं को कोई मुश्किल नहीं होने दी जाएगी।