अंबेडकरनगर। अमन-चैन की दुआ के साथ रविवार को जिले भर में ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज अदा की गई। लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर त्योहार की मुबारकबाद दी। सुबह से ही कुर्बानी का दौर शुरू हो गया। यह सिलसिला सोमवार को भी जारी रहा। तीन दिन तक चलने वाली कुर्बानी को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने के लिए सुरक्षा के कड़े प्रबंध रहे। न सिर्फ संवेदनशील क्षेत्रों में पीएसी तैनात रही बल्कि ड्रोन से भी नजर रखी गई।
ईद-उल-अजहा का उल्लास रविवार सुबह से ही जिले में चहुंओर दिखने लगा था। सात बजे से ही जिला मुख्यालय के अलावा अन्य क्षेत्रों में मस्जिदों व ईदगाहों में विशेष नमाज का सिलसिला शुरू हो गया जो 11 बजे तक चलता रहा। इस बीच नमाज को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने के लिए न सिर्फ अकबरपुर बल्कि टांडा, जहांगीरगंज व जलालपुर में ड्रोन से नजर रखी जा रही थी। इसके अलावा प्रमुख मस्जिदों व ईदगाहों के इर्दगिर्द पीएसी की तैनाती भी की गई थी।
डीएम सैमुअल पॉल एन व एसपी अजीत कुमार सिन्हा अधिकारियों से फीडबैक लेते रहे। जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेट के अलावा संबंधित क्षेत्र के एसडीएम व सीओ भी लगातार भ्रमण कर जायजा लेते रहे। साथ ही जिम्मेदारों को दिशा-निर्देश भी देते रहे। अयोध्या मार्ग स्थित जिले की सबसे बड़ी ईदगाह पर पांच हजार से अधिक लोगों ने विशेष नमाज अदा की। यहां शहर इमाम हाफिज शकील अख्तर ने नमाज बाद देश व दुनिया में अमन-चैन की दुआ कराई।
शिया जामा मस्जिद अकबरपुर में मौलाना अकबर अली वायज ने नमाज अदा कराने के साथ ही लोगों से मिल जुलकर त्योहार मनाने की अपील की। इसके अलावा टांडा, आलापुर, जहांगीरगंज, राजेसुल्तानपुर, भीटी, महरुआ, कटेहरी, मछलीगांव, दहिावर, सिझौली, लोरपुर, हजपुरा, कजपुरा व रसूलपुर आदि क्षेत्रों में भी बकरीद की विशेष नमाज अदा की गई।
जगह-जगह दी गई कुर्बानी
त्योहार के मौके पर रविवार सुबह से ही जिले में कुर्बानी का दौर शुरू हो गया जो सोमवार को भी जारी रहा। गौरतलब है कि त्योहार के मद्देनजर तीन दिन तक कुर्बानी होती है। इस दौरान अप्रिय वारदात को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में रहा। खुले में कुर्बानी पर पूरी तरह से प्रतिबंध के चलते कुर्बानी स्थल को चारों तरफ से पर्दे से घेर दिया गया था। कुछ लोगों ने जहां घरों में कुर्बानी कराई तो वहीं कुछ ने मदरसों व इमामबारगाह परिसर में।
सुरक्षा के रहे कड़े प्रबंध
एएसपी संजय कुमार राय ने बताया कि त्योहार को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने के लिए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गये थे। संवेदनशील क्षेत्र अकबरपुर, टांडा, जलालपुर व जहांगीरगंज में ड्रोन से विशेष नजर रखी गई थी। इसके अलावा प्रमुख मस्जिदों व ईदगाहों के समक्ष पीएसी की भी तैनाती की गई थी।