अंबेडकरनगर। सरकार स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर करने के लिए प्रयासरत है। शहर हो या गांव, घर के करीब बेहतर उपचार मिले, इसके लिए आरोग्य मंदिर खोले जा रहे हैं। इसके उलट, स्वास्थ्य विभाग के अफसर इन स्वास्थ्य केंद्रों के संचालन को लेकर संजीदा नहीं हैं। तभी तो जून 2021 में जिन दो आरोग्य मंदिरों को खोलने की अनुमति मिली, उनके लिए अब तक किराये का भवन नहीं खोजा जा सका है। यही नहीं, सितंबर 2024 में आठ नए आरोग्य मंदिर खोलने का आदेश आया, लेकिन उनका संचालन शुरू करने को लेकर भी अफसर गंभीर नहीं हैं।
अकबरपुर और जलालपुर शहरी क्षेत्र में दो आयुष्मान आरोग्य मंदिर खोले जाने हैं। जून 2021 में इसके लिए मंजूरी मिल गई। आरोग्य मंदिर के लिए किराये का भवन लिया जाना है। किराये के रूप में अधिकतम 50 हजार रुपये या फिर डीएम सर्किल रेट के आधार पर भुगतान किया जाना है। 1400 वर्गफीट में भवन होना चाहिए। किराया ठीकठाक होने के बावजूद इन दो स्वास्थ्य केंद्रों के लिए अब तक भवन नहीं मिल सका है, जोकि स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की कार्यशैली पर सवाल खड़े करता है। इन दो सेंटरों को फाइलों में दबाकर बैठने वाले आठ नए आरोग्य मंदिरों के संचालन को लेकर भी ढुलमुल रवैया अपनाए हुए हैं। जी हां, 30 सितंबर 2024 को अकबरपुर और टांडा में तीन-तीन, जलालपुर में दो आरोग्य मंदिर खोलने की मंजूरी मिली। इन केंद्रों के लिए भी अब तक भवन की तलाश पूरी नहीं हो सकी है। इस संबंध में जब सवाल किया गया तो बताया गया कि तेजी से भवन तलाशे जा रहे हैं। फरवरी में तीन से चार आरोग्य मंदिरों का संचालन शुरू करा दिया जाएगा।
ये मिलेंगी सुविधाएं
आरोग्य मंदिरों में एमबीबीएस डॉक्टर, स्टाफ नर्स, एएनएम और दो स्वास्थ्य कर्मियों की तैनाती की जाएगी। ओपीडी में मरीज उपचार करा सकेंगे। यहीं पर दवाएं मिलेंगी। टीकाकरण और काउंसलिंग होगी। यहां मरीजों की 14 प्रकार की जांचें हो सकेंगी। अन्य जरूरी जांचों के लिए यहीं से सैंपल लेकर जिला अस्पताल या फिर मेडिकल कॉलेज भेजा जाएगा। यहां तैनात डॉक्टर गंभीर रोगियों के इलाज के लिए टेली मेडिसिन के जरिए विशेषज्ञ चिकित्सकों से सलाह ले सकेंगे। कैंसर रोगियों की स्क्रीनिंग की जाएगी। यही नहीं, हादसों में घायल होने वालों का भी यहां पर उपचार किया जाएगा।
आरोग्य मंदिरों के लिए भवनों की तलाश की जा रही है। 2021 में जिन दो वेलनेस सेंटरों की मंजूरी मिली, उनके बारे में मुझे कुछ दिन पहले ही पता चला। अभी चार भवन देखे गए हैं, जो जल्द ही फाइनल कर दिए जाएंगे। सभी 10 आरोग्य मंदिरों का संचालन जल्द शुरू करा दिया जाएगा। -डॉ. राजकुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी