जहांगीरगंज (अंबेडकरनगर)। जिले के पश्चिमी इलाके में हुई घटनाओं के बाद अब आलापुर तहसील के दो गांवों में सियारों ने लोगों पर हमला कर दिया। शनिवार सुबह एक मासूम समेत चार लोग इसमें घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। ग्रामीणों का कहना है कि सियार पागल हो गया है। वनविभाग ने गांव पहुंचकर तलाश शुरू कर दी है।
राजेसुल्तानपुर थानाक्षेत्र के देवरिया बुजुर्ग में बहावनी (70) भोर पांच बजे घर के बाहर टहल रहे थे। तभी अचानक सियार ने उनके ऊपर हमला बोल दिया। वह शोर मचाने लगे। आवाज सुनकर उन्हें बचाने पहुंचे गांव के सुरेंद्र कुमार पर भी सियार ने हमला कर घायल कर दिया। लाठी डंडा लेकर पहुंचे ग्रामीणों ने सियार को खदेड़ा।
इसके बाद सियार पड़ोसी गांव देवरिया पंडित पहुंच गया। दरवाजे के सामने खेल रहे प्रियांशु (4) व उसकी मां राधिका को काट लिया। दोनोंं गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनोंं को एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जहांगीरगंज ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया। सीएससी प्रभारी के डॉक्टर उदय चंद यादव ने बताया कि सभी का प्राथमिक उपचार करने के बाद जिला अस्पताल भेज दिया गया है।
दो गांवों में सियार के हमले से ग्रामीणों में हड़कंप की स्थिति बनी रही। कुछ ग्रामीणों ने वनविभाग को इसकी सूचना दी। इसके बाद वनकर्मियों की टीम गांव पहुंची। फॉरेस्ट गार्ड सुधांशु श्रीवास्तव ने बताया कि वनविभाग की टीम गांव पहुंच गई है। आसपास के इलाकों में सियार की तलाश कराई जा रही है।
ग्रामीण भी रात में लगाएंगे पहरा
दो गांवों में सियार के हमले से ग्रामीण दहशतजदा हैं। उनका कहना है कि जिस सियार ने हमला किया है, वह पागल लग रहा था। ऐसे में जब तक वह पकड़ा नहीं जाता तब तक गांव के लोग रात में पहरा लगाएंगे। दोनों गांव में खौफ इतना है कि महिलाओं ने बच्चों की सुरक्षा पर सबसे ज्यादा ध्यान देना शुरू कर दिया है। सियार के हमले के बाद से दोनों गांव में बच्चों को घर के अंदर ही रखा गया।
सियार के हमले में घायल राधिका।