डीपीआरओ कार्यालय में कनिष्ठ सहायक के पद था तैनात
अपर जिला पंचायतराज अधिकारी को सौंपी गई जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबेडकरनगर। भारतीय जनता पार्टी के कार्यक्रम में भागीदारी करने में डीपीआरओ कार्यालय में तैनात कनिष्ठ लिपिक को जिला निर्वाचन अधिकारी अविनाश सिंह के निर्देश पर डीपीआरओ ने निलंबित कर दिया। साथ ही पूरे मामले की जांच अपर जिला पंचायतराज अधिकारी को सौंप दी।
शुक्रवार को डीपीआरओ कार्यालय में कनिष्ठ सहायक के पद पर तैनात सुनील वर्मा भाजपा के कार्यक्रम में भागीदारी करता दिखा। सिर्फ अमर उजाला ने इस खबर को प्रकाशित किया। जिला निर्वाचन अधिकारी अविनाश सिंह ने इसे आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना।
दरअसल कोई भी सरकारी कर्मचारी किसी भी पार्टी की राजनीतिक गतिविधियों में भागीदारी नहीं कर सकता। डीएम ने डीपीआरओ को कार्रवाई का निर्देश दिया। डीपीआरओ अवनीश कुमार श्रीवास्तव ने इसके बाद संबंधित कर्मचारी को निलंबित कर दिया। साथ ही पूरे मामले की जांच अपर जिला पंचायतराज अधिकारी को सौंप दी।
इस बीच डीएम अविनाश सिंह ने फिर से निर्देश जारी करते हुए कहा कि आदर्श आचार संहिता का बेहतर ढंग से पालन किया जाए। यदि कहीं कोई भी उल्लंघन करता मिले तो संबंधित पर कड़ी कार्रवाई की जाए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पत्नी के स्थान पर जाना पड़ा भारी
अंबेडकरनगर। ग्राम प्रधान पत्नी के स्थान पर भाजपा के सम्मेलन में जाना ही जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय में तैनात लिपिक को भारी पड़ा है। दरअसल डीपीआरओ कार्यालय में बतौर कनिष्ठ सहायक तैनात सुनील वर्मा की पत्नी नीता अकबरपुर विकासखंड के कटुई ग्राम पंचायत की प्रधान हैं। भारतीय जनता पार्टी ने शुक्रवार को अकबरपुर नगर के शहजादपुर स्थित एक होटल में ग्राम प्रधानों का अभिनंदन समारोह आयोजित किया था। इसी सम्मेलन में अपनी-पत्नी के स्थान पर सुनील पहुंच गए। वहां उन्होंने न सिर्फ कार्यक्रम में भाग लिया वरन भाजपा के झंडे की पट्टिका भी पहन ली। इसी की शिकायत के बाद उन पर गाज गिर गई। (संवाद)