महरुआ। बोरे के अभाव में महरुआ क्रय केंद्र पर गेहूं खरीद कार्य ठंडा पड़ा है। इससे क्रय केंद्र पर पहुंचने वाले किसानों को अपनी उपज तौल कराने के लिए कई कई दिन इंतजार करना पड़ रहा है। तैनात कर्मचारी तौल के लिए बोरा न होने की बात कह बाद में आने को कहते हैं। इससे परेशान किसानों को औने पौने दाम पर अपनी मेहनत से पैदा की गयी उपज बेचने की परेशानी भी उठानी पड़ रही है।
इसके साथ ही क्रय केंद्र पर व्याप्त अव्यवस्था के चलते बारिश के कारण आस पास कीचड़ हो जाने से गेहूं से लदी ट्रालियां ले जाने में भी किसानों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही है। इसकी शिकायत के बाद भी जिम्मेदारों द्वारा राहत दिलाने को कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। इसके चलते ही महरुआ क्रय केंद्र पर गेहूं खरीद का कार्य मंदा पड़ा है। बोरों के अभाव में क्रय केंद्र पहुंचने वाले किसानों को अपना उपज तौल कराने को लेकर लंबा इंतजार करने को मजबूर होना पड़ता है।
मौके पर गेहूं बेचने को आए किसान तेजराम, ओमप्रकाश, दिलीप कुमार, कालिका प्रसाद शुक्ला, गेलही, अयोध्या प्रसाद आदि ने बताया कि तौल का कार्य धीमी होने के चलते काफी मुश्किलें हो रही हैं। लगातार दो दिन से हो रही बारिश ने चिंता और बढ़ा दी है। यदि गेहूं भीग गया तो उसे सुखाने आदि की समस्या होगी। दूसरी तरफ सचिव संदीप दुबे ने बताया कि अब तक 190 किसानों का लगभग 58 सौ कुंतल गेहूं की खरीद की जा चुकी है। इसमें 50% किसानों का भुगतान हो चुका है। बाकी किसानों के भुगतान की प्रक्रिया चल रही है।
तहसीलदार ने लिया केंद्र का जायजा
क्रय केंद्र के निरीक्षण पर पहुंचे तहसीलदार ज्ञानेंद्र यादव ने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याओं को सुना। इस दौरान सचिव संदीप दुबे ने बताया कि बोरे के अभाव में खरीद का कार्य सुस्त है। तहसीलदार ने अविलंब बोरा उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया।