अंबेडकरनगर। उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद द्वारा संचालित बोर्ड की परीक्षा का रिजल्ट इस वर्ष काफी खराब रहा। लगभग 40 फीसदी परीक्षार्थी परीक्षा उत्तीर्ण नहीं कर सके।
यूपी मदरसा बोर्ड 2024 की परीक्षा 13 फरवरी से 21 फरवरी के बीच 100 से अधिक मदरसों में आयोजित की गई थी। अब इसका नतीजा घोषित हुआ तो मात्र 724 परीक्षार्थी ही पास हुए हैं, जबकि 577 परीक्षार्थी फेल हो गए हैं। इस बार की परीक्षा को नकल विहीन कराने के लिए सीसीटीवी कैमरे से ऑनलाइन निगरानी की जा रही थी।
जिला मुख्यालय से लेकर मदरसा बोर्ड में बैठे अधिकारी ऑनलाइन निगरानी कर रहे थे। बृहस्पतिवार को नतीजा आने के बाद उत्तीर्ण छात्रों के चेहरे खिल उठे। एक-दूसरे को बधाई देते रहे। वहीं जो बच्चे परीक्षा उत्तीर्ण नहीं कर सके उनके चेहरों पर मायूसी दिखी। जिले में मदरसा बोर्ड की परीक्षा में कुल 1301 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी थी। इसमें सेकेंड्री (हाईस्कूल), सीनियर सेकेंड्री (इंटरमीडिएट), कामिल (स्नातक), फाजिल (स्नातकोत्तर) के भी परीक्षार्थी शामिल थे। इसमें से सिर्फ 724 बच्चे ही पास हो पाए हैं, जबकि 577 परीक्षार्थी फेल हो गए।
शिक्षा की गुणवत्ता पर खड़े हुए सवाल :
सरकार शिक्षा की गुणवत्ता को बढ़ाने में जुटी है। इसके लिए काफी कोशिशें भी की जा रही हैं। मदरसे की शिक्षा की गुणवत्ता पर लंबे समय से सवाल उठ रहे थे। जिसके बाद इस शिक्षा व्यवस्था में भी सुधार के तमाम दावे किए गए, लेकिन परीक्षा परिणाम आने के बाद अधिकारियों के सभी दावे हवा हवाई साबित हुए हैं।