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उमेश पाल केस : अतीक के करीबी बिल्डर ने दिए थे शाइस्ता को 80 लाख रुपये, पूछताछ में मो. मुस्लिम का कबूलनामा

Sat, 15 Apr 2023 04:16 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

उमेश पाल हत्याकांड में एक सनसनीखेज खुलासा हुआ है। जांच में पता चला है कि उमेश पाल हत्याकांड से पहले माफिया अतीक अहमद के करीबी बिल्डर मो. मुस्लिम ने शाइस्ता परवीन को 80 लाख रुपये दिए थे। यह खुलासा तब हुआ जब पुलिस ने बिल्डर को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
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Prayagraj News : अतीक अहमद के दफ्तर से बरामद असलहे और कैश। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उमेश पाल हत्याकांड में एक सनसनीखेज खुलासा हुआ है। जांच में पता चला है कि उमेश पाल हत्याकांड से पहले माफिया अतीक अहमद के करीबी बिल्डर मो. मुस्लिम ने शाइस्ता परवीन को 80 लाख रुपये दिए थे। यह खुलासा तब हुआ जब पुलिस ने बिल्डर को हिरासत में लेकर पूछताछ की। यह जानकारी मिलने के बाद से बिल्डर पर भी शिकंजा कसने की तैयारी शुरू हो गई है।

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इस बात की भी आशंका जताई जा रही है कि अतीक के चकिया स्थित कार्यालय से 21 मार्च को जो 73 लाख रुपये बरामद हुए, यह उसी रकम का हिस्सा है। सूत्रों के मुताबिक, उमेश पाल हत्याकांड की जांच में जुटी पुलिस को पता चला था कि वारदात से कुछ दिनों पहले शाइस्ता के पास एक बड़ी रकम आई थी।

जांच आगे बढ़ाई गई तो पता चला कि रकम वर्तमान में लखनऊ में रहने वाले अतीक के एक करीबी बिल्डर ने दी थी। तफ्तीश में पता चला कि यह बिल्डर मो. मुस्लिम है जो मूल रूप से चकिया का रहने वाला है। इसके बाद पुलिस ने मुस्लिम को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में उसने यह बात कबूली कि रकम उसने ही दी थी।

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असद ही गया था रकम लेने

सूत्रों का यह भी कहना है कि मुस्लिम से रकम लेने के लिए असद ही लखनऊ गया था। वह अपने कुछ साथियों के साथ लखनऊ पहुंचा था। इसके बाद मुस्लिम से रकम लेकर वह लौट आया था। सूत्रों के मुताबिक, जांच में पता चला है कि शाइस्ता मेयर का चुनाव लड़ने वाली थी। चुनाव के लिए उसे रुपयों की जरूरत थी। ऐसे में उसने मुस्लिम समेत तमाम लोगों से मदद करने को कहा था। इसके बाद ही मुस्लिम ने उसे रकम दी।

पिछले साल जून में दर्ज हुआ था केस

मुस्लिम उमेश पाल से एक करोड़ की रंगदारी मांगने के मामले में भी नामजद है। यह मुकदमा पिछले साल 25 अगस्त को धूमनगंज थाने में दर्ज कराया गया था। वादी उमेश ने आरोप लगाया था कि 11 फरवरी 2022 को अतीक का करीबी मुस्लिम अपने साथियों खालिद जफर, दिलीप कुशवाहा व अन्य संग उसकी पीपलगांव स्थित जमीन पर कब्जा करने पहुंचा था। उसने पहुंचकर विरोध जताया तो उसे तमंचा सटाकर एक करोड़ की रंगदारी मांगी गई। यह भी कहा गया कि यह सांसद अतीक का आदेश है।

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कई जगह प्लाटिंग, आवासीय योजनाएं भी

मो. मुस्लिम पुत्र मो. मियां अतीक का करीबी है। उसकी कई शहरों में आवासीय योजनाएं हैं। जमीन की धोखाधड़ी में उसके खिलाफ कई मुकदमे दर्ज हैं। माफिया अतीक अहमद के साथ भी वह मुकदमों में नामजद है।

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