कीडगंज पुलिस ने गाजियाबाद से मिली शिकायत के आधार पर म्यूल खाते से साइबर ठगी से जुड़े 33.15 लाख रुपये का ट्रांजेक्शन होने पर कार्रवाई की है। मामले में खाताधारक मोहित गुप्ता के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।
गृह मंत्रालय के भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र के पोर्टल के माध्यम से संदिग्ध बैंक खातों का सत्यापन किया जा रहा था। इसी दौरान ओल्ड बैरहना निवासी मोहित के नाम से संचालित बैंक ऑफ बड़ौदा के एक खाते पर संदेह हुआ।
एनसीआरपी पोर्टल पर जांच में पता चला कि इस खाते के संबंध में गाजियाबाद में साइबर ठगी की शिकायत दर्ज है। पीड़ितों के खाते से साइबर ठगी के रुपये कीडगंज निवासी के खाते में भेजे गए। इसी आधार पर पुलिस ने इसे संदिग्ध म्यूल खाता माना है।
बैंक खाते से जुड़े मोबाइल नंबर की जांच में उससे लिंक एक अन्य मोबाइल नंबर मिला। इस नंबर के संबंध में देश के विभिन्न राज्यों में साइबर अपराध की पांच शिकायतें दर्ज मिलीं।
कीडगंज थाना प्रभारी प्रीतम तिवारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में पता चला कि ठगों ने खाते का इस्तेमाल ठगी की रकम को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए किया।
एक सप्ताह के भीतर तीसरी बार मिला म्यूल खाता
पिछले एक सप्ताह के भीतर पुलिस ने तीसरी बार म्यूल खाता पकड़ा है। साइबर पुलिस जांच में प्रयागराज में अब तक 100 से अधिक संदिग्ध म्यूल बैंक खाते चिह्नित किए जा चुके हैं। पुलिस इन खातों के माध्यम से हुए लेनदेन और इनके संचालकों की भूमिका की जांच कर रही है।