सूत्रों के मुताबिक करेली, नैनी और मुट्ठीगंज से तीन हैंडलर्स को उठाया गया है। तीनों जीशान और मुट्ठीगंज के शाहरुख के संपर्क में थे। उनसे पूछताछ की जा रही है। करेली के एक डॉक्टर के घर भी पुलिस पहुंची थी। डॉक्टर से पुलिस ने कई घंटे पूछताछ की। हालांकि डॉक्टर को हिरासत में नहीं लिया गया है। पुलिस का कहना है कि अभी यह नहीं कहा जा सकता कि तीनों आतंकी गतिविधियों में शामिल थे या नहीं। उनके कॉल डीटेल्स चेक किए जा रहे हैं। सोशल मीडिया एकाउंट पर भी दोस्तों को खंगाला जा रहा है।
सीसीटीवी में दिखे युवकों की तलाश
नैनी में शाहरुख के पोल्ट्री फार्म के पास सीसीटीवी फुटेज में शाहरुख और उसके तीन दोस्त दिख रहे हैं। शाहरुख की तो तलाश हो ही रही है, उसके साथ दिख रहे युवकों के बारे में भी पता लगाया जा रहा है। शाहरुख के करीबियों से उनके लड़कों के बारे में पूछताछ की गई, लेकिन उनका कुछ पता नहीं चला है।
शाहरुख के मौसा से दिन में कई बार हुई पूछताछ
प्रयागराज। नैनी के डांडी मुहल्ले में मंगलवार को शाहरुख के पोल्ट्री फार्म से आईईडी बरामद हुई थी। फार्म की देखरेख शाहरुख के मौसा मो. अजीज करते हैं। वे परिवार समेत फार्म के बगल में ही रहते हैं। फार्म से आईईडी मिलने के बाद बुधवार को दिन में कई टीमें मो. अजीज से पूछताछ करने पहुंची। पूरा परिवार घटना से सकते में था। सुबह तो परिवार वालों ने मीडियाकर्मियों से बात की थी लेकिन शाम होते होते उन्होंने घर के दरवाजे बंद कर दिए थे।
मदरसा संचालक व भाई की पुलिस कर रही तलाश
टेरर फंडिंग के मामले में एटीएस ने मंगलवार को मदरसे के संचालक सैफुर्रहमान और उसके भाई उबैदुर्रहमान के वसीहाबाद स्थित घरों पर छापे मारे थे, हालांकि दोनों ही नहीं मिले थे। उबैदुर्रहमान तो पिछले कई दिनों से गायब है। उसका मोबाइल नंबर भी बंद है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक दोनों की तलाश की जा रही हैं। उनसे पूछताछ के बाद पता चलेगा कि टेरर फंडिंग में उनकी संलिप्तता है या नहीं।
एटीएस और दिल्ली पुलिस की टीम जीशान को पकड़ने के बाद सबसे पहले मुफ्ती सैफुर्रहमान और फिर उसके भाई उबैदुर्रहमान के घर गई। हालांकि दोनों लोग नहीं मिले। उनके मोबाइल भी बंद थे। उबैदुर्रहमान के घर की महिलाओं ने बताया कि वह चार दिन पहले लखनऊ जाने की बात कहकर निकले थे। उसके बाद से उनका मोबाइल भी बंद है। टीम ने दोनों के घर वालों से उनके सभी संभावित ठिकानों, करीबी दोस्तों और रिश्तेदारों के नाम फोन नंबर नोट किए। बुधवार को भी पुलिस दोनों के घर पर नजर बनाए हुए थी। पुलिस अधिकारी इस बारे में कुछ भी नहीं बता रहे हैं कि दोनों भाइयों के घर आखिर एटीएस क्यों गई थी?