खुल्दाबाद थाना क्षेत्र में नूरुल्ला रोड पर अतिक्रमण हटाने गए नगर निगम के जोनल अफसर को कार्रवाई के दौरान एक व्यक्ति से बम मारने की धमकी दे डाली। इससे वहां हड़कंप मच गया। धमकी के चलते कुछ देर के लिए कार्रवाई रोकनी पड़ी। इसी बीच अतिक्रमण अभियान का जबरदस्त विरोध हुआ। हंगामा कर रहे लोगों और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को कई बार लाठीचार्ज भी करना पड़ा। विरोध के बीच निगम ने रोशनबाग, नूरुल्ला रोड, खुल्दाबाद चौराहा के आसपास रोड पटरी, सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराया।
जोनल अफसर मुन्ना राम एवं अतिक्रमण निरीक्षक पीयूष मोहिले के नेतृत्व में नगर निगम के दस्ते ने खुल्दाबाद थाने की पुलिस एवं पीएसी के साथ दिन में गुड़िया तालाब के पास से कार्रवाई शुरू की। यहां तालाब के चारों ओर कब्जा कर भारी मात्रा में रखे पुराने टायरों को हटाने के दौरान विरोध शुरू हो गया। इस दौरान काफी भीड़ जुट गई। लोगों ने शोरशराबा शुरू कर दिया। इस बीच पुलिस ने लाठियां भांजकर लोगों को खदेड़ा। यहां अतिक्रमण हटाने के बाद दस्ता पुरानी जीटी रोड पर कार्रवाई करते हुए रोशनबाग पहुंचा। यहां बड़ी संख्या में कपड़े आदि की दुकानें हैं और ज्यादातर दुकानों ने रोड पटरी पर कब्जा रखा है। इसके अलावा मंसूर पार्क समेत एक अन्य पार्क के आगे भी दुकानें लगाकर रास्ता बंद कर दिया था। यहां अतिक्रमण हटाने के दौरान लामबंद हुए दुकानदारों ने हंगामा करते हुए अफसरों को घेरने की कोशिश की। इस बीच पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
रोशनबाग बाजार को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त करते हुए दस्ता नूरुल्ला रोड बैरियर पहुंचा। यहां से खुल्दाबाद चौराहे तक सोमवार को भी अतिक्रमण हटाया गया लेकिन फिर से कब्जा हो गया। दस्ते ने यहां नाले के पास रोड पटरी से अतिक्रमण हटाने शुरू किया तो एक व्यक्ति जोनल अफसर से भिड़ गया और उनसे अभद्रता करते हुए बम मारने की धमकी दी। इस बीच काफी भीड़ जुट गई। हंगामा बढ़ने की आशंका पर कुछ देर के लिए कार्रवाई रोकनी पड़ी। फिर पुलिस ने जमकर लाठियां भांजी। भीड़ को खदेड़ने के बाद दस्ते ने खुल्दाबाद चौराहा तक अभियान चलाया। इसमें कुल 56 गुमटी-ठेले और बांस का टट्टर लगाकर सजी दुकानें ध्वस्त कीं, जबकि 41 दुकानों के बाहर टिन शेड तोड़े। कार्रवाई में 11500 रुपये जुर्माना भी वसूला गया। जोनल अफसर ने बताया कि वीडियोग्राफी में धमकी देने वाले की पहचान की जा रही है। उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।