मंत्री के भाई की नहीं हुई सुनवाई...दो दिन बाद भी हमलावर पकड़ से बाहर
प्रदेश के कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल के भाई और केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल के जेठ अरुण सिंह पटेल पर हुए जानलेवा हमले के मामले में आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। अस्पताल में उपचार के दौरान बृहस्पतिवार को अरुण सिंह ने पुलिस पर अनदेखी करने का आरोप लगाया।
रैपुरा थाना क्षेत्र के लौरी हनुमानगंज निवासी प्रधान पति अरुण सिंह पर मंगलवार को भाजपा नेता देवराज उर्फ बड़कू शुक्ला ने साथियों के साथ जानलेवा हमला किया था। गंभीर रूप से घायल अरुण का शहर के निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। अरुण ने बताया कि हमले के दो दिन बाद भी पुलिस कार्रवाई नहीं कर रही है। सिर्फ बस खानापूर्ति हाे रही है। अरुण सिंह ने चित्रकूट की सीओ निष्ठा उपाध्याय पर आरोप लगाया कि वह इस मामले में कार्रवाई नहीं करना चाह रही हैं।
15 दिन पहले ही दी गई थी जान से मारने की धमकी
अरुण सिंह ने बताया कि 15 दिन पहले ही उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई थी। उस समय रैपुरा थाने में शिकायत की गई थी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। यदि पुलिस मामले को गंभीरता से लेती तो हमला नहीं होता। यदि पुलिस का यही रवैया रहा तो उनके साथ कभी भी अप्रिय घटना हो सकती है।