Prayagraj News : गर्ल्स हॉस्टल के बाथरूम में लगाया खुफिया कैमरा।
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डीवीआर को किया गया था एलईडी से कनेक्ट
इसी डीवीआर से लैब में रखी एलईडी स्क्रीन को कनेक्ट किया गया था, जिस पर वीडियो देखा जाता था। सूत्रों का कहना है कि अब तक कि जांच में यह बात सामने आई है कि पिछले चार महीनों से आरोपी आशीष इस कृत्य में जुटा हुआ था। चार महीने पहले उसने ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी से यह कैमरा मंगवाया था। इसके बाद इसे राजापुर के फैय्याज से इंस्टाल कराया। फैय्याज इलेक्ट्रॉनिक्स का काम जानने के साथ ही सीसीटीवी इंस्टाल भी करता था।
पुलिस शुक्रवार को दिन भर उसकी तलाश में जुटी रही। दरअसल इस बात की भी पूरी आशंका है कि न्यूड वीडियो देखने में फैय्याज भी शामिल रहा हो। पुलिस अफसरों का कहना है कि उसे मालूम था कि कैमरा गलत नीयत से इंस्टाल कराया जा रहा है। इसके बावजूद उसने न सिर्फ कैमरा इंस्टाल किया, बल्कि यह बात छिपाए रखी। सीओ कर्नलगंज अजीत सिंह चौहान ने बताया कि उसकी तलाश की जा रही है।
Prayagraj News : गर्ल्स हॉस्टल के बाथरूम में लगाया स्पाई कैमरा।
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फोरेंसिक जांच में खुलेंगे राज
पुलिस सूत्रों ने बताया कि मौके से बरामद डीवीआर, हार्ड डिस्क समेत अन्य सामान जल्द ही फोरेंसिक जांच के लिए लैब में भेजे जाएंगे। गौरतलब है कि मौके से एक मॉनीटर, चार रैम, नौ हार्ड डिस्क, दो डिजिटल वीडियो रिकार्डर, दो एडॉप्टर, एक सीपीयू, तीन सिम, छह डायरी (जिसमें लड़कियों के फोन नंबर लिखे हैं) एक डिब्बा (100 से अधिक लड़कियों की पासपोर्ट साइज फोटो) तथा तमाम आपत्तिजनक चीजें बरामद हुई थीं। फोरेंसिक जांच में पता चलेगा कि डीवीआर व हार्ड डिस्क में कितने वीडियो या तस्वीरें हैं। अफसरों का कहना है कि एक -दो दिन के भीतर बरामद सामान जांच के लिए एफएसएल भेज दिए जाएंगे।
सीडीआर भी खंगालेगी पुलिस
पुलिस की ओर से से आरोपी के मोबाइल नंबर की सीडीआर भी खंगाली जाएगी। सीडीआर के जरिये यह पता चलेगा कि आरोपी आशीष किन-किन लोगों के संपर्क में था। पुलिस सूत्रों का कहना है कि सीडीआर में कोई ऐसा नंबर मिलता है, जिससे वह लगातार या अक्सर संपर्क में रहा है तो उससे भी पूछताछ की जाएगी।