देह व्यापार की शिकायत पर प्रयागराज के ताशकंद मार्ग पर स्थित एक स्पा सेंटर पर पुलिस ने रविवार की रात छापेमारी की थी। इस दौरान तीन लड़कियों सहित स्पा सेंटर के मैनेजर और एक ग्राहक को हिरासत में ले लिया था। युवतियों ने खुद को सेंटर का कर्मचारी बताया था। पुलिस ने पांचों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें निजी मुचलके पर रिहा कर दिया।
सिविल लाइंस स्थित जिस स्पा सेंटर में एक दिन पहले छापा मारा गया था, उसमें सेक्स रैकेट चलने के सबूत पुलिस को नहीं मिले। हालांकि मौके से मिले मैनेजर समेत पांचों लोगों पर अश्लीलता फैलाने के आरोप में केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि सात वर्ष से कम की सजा का प्रावधान होने के कारण सभी को थाने से ही मुचलके पर छोड़ दिया गया है।
विज्ञापन
सेक्स रैकेट चलने की सूचना पर पुलिस ने शनिवार शाम सिविल लाइंस में ताशकंद मार्ग पर स्थित एक स्पा सेंटर में छापा मारा था। यहां से मैनेजर कामिल हसन निवासी रोहतास व ग्राहक चंदन कुमार निवासी गया के अलावा तीन युवतियों को भी पकड़ा गया। पूछताछ में युवतियों ने खुद को कर्मचारी बताया। हालांकि स्पा सेंटर से संबंधित कोई दस्तावेज या लाइसेंस पुलिस को नहीं दिखाया गया।
मौके से एक कंडोम का पैकेट व नगदी मिली लेकिन अन्य कोई आपत्तिजनक सामान नहीं मिला। इसके बाद सभी को थाने ले जाया गया। देर रात तक पुलिस जांच पड़ताल में जुटी रही। रविवार सुबह सभी आरोपियों के खिलाफ अश्लीलता फैलाने के आरोप में केस दर्ज कर लिया गया। जिसके बाद नोटिस तामीला कराके सभी को मुचलके पर छोड़ दिया गया।
विज्ञापन
सीओ सिविल लाइंस संतोष कुमार सिंह का कहना है कि सेक्स रैकेट चलने की सूचना पर छापा मारा गया था। वहां युवतियां मसाज करते मिलीं। लेकिन कोई आपत्तिजनक सामान नहीं बरामद हुआ। सभी के खिलाफ अश्लीलता फैलाने के आरोप में केस दर्ज किया गया है।
दूसरे दिन भी नहीं दिखाया लाइसेंस
पुलिस का कहना है कि स्पा मालिक बिहार का ही रहने वाला है। कॉल करने पर उसका फोन उसकी पत्नी ने उठाया जिसने बताया कि उसके पति शादी समारोह में गए हैं। पुलिस का कहना है कि रविवार को भी स्पा सेंटर से संबंधित कोई लाइसेंस नहीं प्रस्तुत किया गया।