मोतीलाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान और एनआईटी कश्मीर के विद्यार्थी अब एक-दूसरे संस्थान के विशेषज्ञों की क्लास कर सकेंगे। इसके लिए दोनों संस्थानों के बीच समझौता हुआ है। दोनों संस्थान तकनीक रूप से भी जुड़ गए हैं और ऑनलाइन क्लासेज का लाभ उठा सकेंगे। एमएनएनआईटी की ओर से बीएचयू और कानपुर आईआईटी के साथ भी जल्द इस तरह का समझौता होने जा रहा है। इसके बाद यहां के विद्यार्थी इन दोनों संस्थानों के विशेषज्ञों की क्लास भी अटेंड कर सकेंगे।
संस्थान एक-दूसरे की संसाधनों तथा विशेषज्ञता का फायदा उठा सकें, इसके लिए इस तरह के समझौतों की पहल काफी पहले की गई थी। राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी की पहल पर इस योजना में तेजी आई है। इसके तहत संस्थानों को तकनीकी रूप से भी मजबूत किया जा रहा है, जिससे विद्यार्थी एक-दूसरे संस्थान की ऑनलाइन क्लास अटेंड कर सकें। इसी के तहत एमएनएनआईटी और एनआईटी कश्मीर के बीच समझौता हुआ है।
इसका फायदा यह होगा कि एमएनएनआईटी के विद्यार्थी वहां के विशेषज्ञ फैकेल्टी की क्लास अटेंड कर सकेंगे। इसके अलावा शिक्षकों की कमी की समस्या भी दूर होने की बात कही जा रही है। इस समझौते के तहत दोनों संस्थान साझा शोध कार्यक्रम तथा प्रोजेक्ट शुरू कर सकेंगे। इसमें एक-दूसरे की इंफ्रास्ट्रक्चर तथा फैकेल्टी का भी उपयोग कर सकेंगे। एमएनएनआईटी के निदेशक प्रोफेसर पी. चक्रवर्ती ने बताया कि समझौता हो चुका है। जल्द ही साझा कार्यक्रम तय दोनों संस्थान आगे बढ़ेंगे।