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अब वाराणसी, प्रयागराज, हरिद्वार, गया में स्पीड पोस्ट से कराएं अस्थि विसर्जन, वेबकास्ट के माध्यम से देख भी सकेंगे

Mon, 07 Jun 2021 11:43 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

ओम दिव्य दर्शन संस्था से मिलकर डाक विभाग ने की पहल शुरू की है। सभी संस्कारों के बाद संस्था की ओर से मृतक के परिजनों को डाकघर की ओर से एक बोतल गंगाजल भी भेजा जाएगा।
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अस्थि कलश - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कोरोना संक्रमण के दौर में नहीं रहे लोगों के परिजनों के लिए डाक विभाग ने नई पहल की है। संस्था ओम दिव्य दर्शन के सहयोग से डाक विभाग की ओर से की गई पहल के तहत आप अपने परिजनों की अस्थियां स्पीड पोस्ट से वाराणसी, प्रयागराज, हरिद्वार और गया भेज सकते हैं। वहां संस्था के प्रतिनिधियों की ओर से विधिवत अस्थिविसर्जन सहित श्राद्ध आदि कर्मकांड कराए जाएंगे।

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कोरोना संक्रमण के दौर में अनेक लोगों ने अपने प्रियजनों को खो दिया और विधिवत उनका अंतिम संस्कार भी नहीं हो सका। सनातन धर्म में पवित्र नदियों में अस्थि विसर्जन की परंपरा है। इसी के मद्देनजर की गई पहल के तहत देश के किसी भी कोने से अस्थियां डाकघरों से स्पीड पोस्ट के माध्यम से उक्त जगहों पर भेजी जा सकेंगी।

इस सुविधा को प्राप्त करने के लिए इच्छित व्यक्ति को ओम दिव्य दर्शन संस्था के पोर्टल htpp://omdivyadarshan.org पर अपना रजिस्ट्रेशन करवाना होगा। इसके बाद उक्त व्यक्ति की ओर से डाकघर के माध्यम से अस्थियों का पैकेट स्पीड पोस्ट से भेजा जाएगा। अच्छी तरह से पैक अस्थि पैकेट पर मोटे अक्षरों में ‘ओम दिव्य दर्शन’ लिखा होना चाहिए ताकि इसे अलग से पहचाना जा सके। पैकेट पर  भेजने वाले का पूरा नाम, पता, मोबाइल नंबर भी लिखना होगा। स्पीड पोस्ट का शुल्क भेजने वाले से ही लिया जाएगा।

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श्राद्ध
वाराणसी परिक्षेत्र के पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव के मुताबिक स्पीड पोस्ट बुक करने के बाद भेजने वाले को ओम दिव्य दर्शन संस्था के  पोर्टल पर स्पीड पोस्ट बार कोड नंबर सहित बुकिंग डिटेल्स अपडेट करना होगा। डाकघर में पैकेट प्राप्त होने के बाद उसे ओम दिव्य दर्शन के पते पर भेज दिया जायेगा। इसके बाद संस्था पुरोहितों के माध्यम से विधिवत अस्थि विसर्जन एवं श्राद्ध संस्कार आदि कराएगी। इसे वेबकास्ट के माध्यम से मृतक के परिजन देख भी सकेंगे। सभी संस्कारों के बाद संस्था की ओर से मृतक के परिजनों को डाकघर की ओर से एक बोतल गंगाजल भी भेजा जाएगा।
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