इस मामले में प्रतापगढ़ एसपी एस आनंद का कहना है कि, जेल के प्रधान बंदीरक्षक के हत्यारोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस टीमें लगी हुई हैं। छापामारी चल रही है। कुछ लोग हिरासत में लिए गए हैं। पुलिस जल्द घटना का खुलासा करेगी।
प्रेमकुमार ने बताया कि उनके पिता की हत्या जेल प्रशासन व बंदियों की मिलीभगत से हुई है। पहले भी उनकी हत्या की कोशिश की जा चुकी थी। प्रेम के मुताबिक, ड्यूटी के दौरान पिता नियम व कानून के बहुत ही सख्त थे। बंदियों से मुलाकात के दौरान आपत्तिजनक व प्रतिबंधित वस्तुओं को जेल में वर्जित सामान जैसे मोबाइल आदि किसी को भी नही ले जाने देते थे। इसके कारण कुछ लोग उनसे चिढ़े रहते थे। इसी वजह से उनकी हत्या हुई है।
जेलरोड क्रासिंग के पास प्रधान बंदीरक्षक की हत्या कर भागते समय दोनों आरोपी एक अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए। एसपी ने घटना की फुटेज सोशल मीडिया पर डाल दी। उन्होंने कहा है कि हत्यारोपियों के बारे में सुराग देते हुए उन्हें पकड़वाने में पुलिस की मदद करने वाले को 50 हजार रुपये का ईनाम दिया जाएगा। उसका नाम भी गुप्त रखा जाएगा।