शुक्रवार रात करीब नौ बजे दुकान बंदकर साइकिल से घर लौट रहे कपड़ा कारोबारी का मेजारोड के सोरांव गांव के सामने बोलेरो सवार बदमाशों ने अपहरण कर लिया। काफी देर तक कारोबारी घर नहीं पहुंचा तो हड़कंप मच गया। परिजनों ने खोजबीन शुरू की तो सोरांव गांव के सामने कारोबारी की साइकिल और चश्मा मिला। कई राहगीरों ने भी कारोबारी के अपहरण की तश्दीक की है। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की है लेकिन 20 घंटे बाद भी कारोबारी का कुछ भी पता नहीं चल सका है। जिससे परिजनों में बेचैनी बढ़ती ही जा रही है।
सिरसा कस्बे के महुआकोठी मुहल्ले के जोखू लाल केशरी के चार बेटों में सबसे बड़ा विजय कुमार केशरी (40) मेजारोड बैंक ऑफ बड़ौदा के पास में किराए का कमरा लेकर कपड़ा की दुकान चलाता है। वह शुक्रवार रात नौ बजे दुकान बंदकर साइकिल से रोज की तरह घर जा रहा था। वह जैसे ही सोरांव गांव के सामने पहुंचा वैसे ही पीछे से आए बोलेरो सवार बदमाशों ने उसको ओवरटेक कर रोक लिया।
चश्मदीद राहगीरों की मानें तो विजय की पिटाई कर बदमाशों ने उसे बोलेरो में जबरन बैठा लिया। काफी देर तक विजय घर नहीं पहुंचा तो परिजन परेशान हो उठे। खोजबीन में विजय की साइकिल और चश्मा बरामद हुआ है। पत्नी सुधा देवी और तीन बच्चे अंश, अंत्रा और अनुष्का का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता जोखू लाल और मां कलावती देवी तो रोते-रोते बेसुध हो गए हैं।
इस मामले में मेजा थाने के कोतवाल सुनील बाजपेयी ने बताया कि एफआईआर दर्ज कर विजय की तलाश की जा रही है। व्यापार मंडल सिरसा के अध्यक्ष चन्द्र प्रकाश केशरी और मेजारोड व्यापार मंडल के अध्यक्ष पप्पू उपाध्याय ने घटना की निंदा करते हुए पुलिस को चेतावनी दी है कि अगर, मामले में जल्द ही खुलासा न हुआ तो सड़क पर उतरने को व्यापारी मजबूर होंगे।
एक दिसंबर को विजय के छोटे भाई की है शादी
अपहरित कपड़ा कारोबारी विजय केशरी के छोटे भाई विनय केशरी की एक दिसंबर को शादी है। शादी की तैयारी में पूरा परिवार लगा हुआ है। लेकिन अचानक विजय का अपहरण हो जाने से घर के लोग सकते में हैं। घटना से पूरे परिवार की खुशी मातम में बदल गई है।