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मुझे अपनी बेटी के साहस पर गर्व, हर कदम पर उसके साथ, शर्म हमें नहीं आरोपी को आनी चाहिए

Tue, 16 Apr 2019 01:42 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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Rape Case
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इंस्टाग्राम पोस्ट के माध्यम से अपने शिक्षक की काली करतूतों को उजागर करने वाली शहर की छात्रा को उनके माता-पिता का साथ मिला है। पिता ने फेसबुक पर मार्मिक पोस्ट में अपनी और बेटी की पहचान उजागर करते हुए लिखा है कि शर्म उसे आनी चाहिए, जिसने मानवता और रिश्तों को शर्मसार किया। उन्होंने लिखा कि उन्हें बेटी के साहस पर गर्व है।
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सकी लड़ाई में परिवार हर कदम पर उसके साथ है। उन्होंने समाज के विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले अपने दोस्तों और शुभचिंतकों से भी फेसबुक पोस्ट शेयर करने और सपोर्ट करने की अपील की है। साथ ही उन्होंने अपनी बेटी की उस इंस्टाग्राम पोस्ट को भी अपने फेसबुक पेज की वाल पर पोस्ट किया है, जिसकी वजह पूरे प्रकरण का खुलासा हुआ। यहां हम पिता की ओर से पोस्ट की गई बेटी की इंस्टाग्राम पोस्ट को शब्दश: दे रहे हैं।

‘मुझे याद है कि मुझे हमेशा बड़ों की इज्जत करना सिखाया जाता है। बड़े हैं, यह कहकर उन्हें गैर जरूरी सम्मान दिया जाता है। हमारे माता-पिता ने अजनबियों से कुछ भी लेने से मना किया, जिन लड़कों से हम मिलते थे, उनसे सावधान रहने को कहा गया, लेकिन जिस व्यक्ति ने मेरा बचपन छीन लिया, वह व्यक्ति वो था जिस पर मेरे माता-पिता ने मुझे पढ़ाने के लिए भरोसा किया। मैं गणित में हमेशा कमजोर थी और मुझे अच्छा ग्रेड चाहिए था, इसके लिए वह आया था। सफेद पूरी बांह की शर्ट, फार्मल पैंट, अजीब सी मुस्कान और चोरों वाली चाल ढाल। 
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उसने बारह साल की बच्ची का कई तरह से ब्रेन वाश करना शुरू किया। अगर आप ग्रूमिंग टर्म जानते हैं तो यह उसका क्लासिकल केस है। यह आदमी पचास साल का प्रौढ़ था। मतलब ऐसा जिस पर आप उसकी उम्र के नाते भी सहज भरोसा कर लें। आगे घटना ऐसा बढ़ी कि मैं बाथरूम में उल्टियां कर रही थी क्योंकि उसने मेरे ऊपर इस तरह का सेक्सुअल एसाल्ट किया था कि मैं उस घटना को दोहराना नहीं चाहूंगी। यह सब दो महीने तक चलता रहा। जब तक कि किसी घटनावश उसे ट्यूशन से हटा नहीं दिया गया। 

मेरी कहानी जटिल, उलझी हुई और खून से सनी हुई है। इसमें खून से दस्तखत किए हुए कई पत्र हैं, बाइबिल पर हाथ रखकर खाई हुई कसमें हैं और किसी को बताने पर आत्महत्या की धमकियां हैं। उसका नाम सुनील दुआ है। उसने अपनी गंदे स्पर्श और घिनौनी नजरों से मेरा बचपन बर्बाद कर दिया। यहां तक कि अब मैं किसी लड़के को चूम नहीं सकती क्योंकि मेरे सामने उसका गंदा चेहरा आ जाता है। अब मेरे लिए चुंबन किसी कविता की तरह सुंदर नहीं हो सकता। हो ही नहीं सकता। 

इन बातों को अब पांच साल बीत चुके हैं लेकिन मैं आज भी बेहद यंत्रणा में हूं। मैं उन छोटी-छोटी बच्चियों के प्रति जिम्मेदारी महसूस करती हैं आगे इस व्यक्ति के घिनौनेपन का शिकार बन सकती हैं। अगर मेरी इस बात से किसी को लगता है कि मैं अटेंशन सीकर हूं तो वह मुझे तुरंत अमित्र कर ब्लाक कर दे। दोषी आज तक अशोक नगर और जार्जटाउन में क्लास ले रहा है, एलचिको जा रहा है, सामान्य जिंदगी जी रहा है, जैसे कि ज्यादातर यौन राक्षस करते हैं। ईश्वर पर भरोसा नहीं करती, फिर भी मैं उससे प्रार्थना की है कि उसे सजा मिले। मैने कई सालों तक अपना मुंह बंद रखा लेकिन अब समय आ गया है। दोस्त, मेरी इन बेड़ियों को तोड़ दो तो मैं बताऊंगी कि मेरे भीतर कितनी भयंकर ज्वाला धधक रही है।’

दो और बच्चियों के यौन उत्पीड़न के मामले सामने आए 
छात्रा पर यौन हमले के आरोपी शिक्षक की और करतूतें सामने आ रही हैं। पता चला है कि उसने दो और बच्चियों का यौन शोषण किया है। फिलहाल बच्चियों के घर वाले अभी सामने नहीं आए हैं न ही उन्होंने पुलिस वालों को सूचना दी है लेकिन बच्चियों ने छात्रा से संपर्क कर यौन शोषण की बात बताई है। उनकी भी घटना के समय 13-14 साल की थी। 

फेसबुक पर हजारों का समर्थन, सैकड़ों बार शेयर की गई पोस्ट
फेसबुक पर छात्रा के समर्थन में लोगों हुजूम सामने आया है। हजारों लोगों ने पोस्ट को लाइक कर उन्हें समर्थन किया है। सैकड़ों लोगों ने कमेंट किया है। सभी ने एक स्वर में आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की बात की है। छात्रा को अपना समर्थन दिया है। सोमवार को भी छात्रा और उनके परिवार वालों से जुड़े तमाम लोगों ने फेसबुक पर अपना समर्थन दोहराया। 
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