औरैया सड़क दुर्घटना में 24 मजदूरों की मौत के बाद मृतकों व घायलों को एक वाहन से झारखंड भेजने की खबर को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हस्तक्षेप करने से इंकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा है कि जिलाधिकारी औरैया व राज्य सरकार ने इस संबंध में कदम उठाए हैं। याची इस मामले को उचित फोरम या सक्षम प्राधिकारी के समक्ष उठा सकता है। यह आदेश मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर तथा न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा की खंडपीठ ने अधिवक्ता कमल कृष्ण राय व चार अन्य की जनहित याचिका को निस्तारित करते हुए दिया है।
याची का कहना था कि दुर्घटना के 40 घंटे बाद मृतकों व घायलों को एक वाहन में रखकर झारखंड भेजने जैसी अमानवीय घटना पर रोक लगाई जाए एवं घायलों को राज्य में न भेजकर वहीं इलाज कराने तथा उचित मुआवजा दिए जाने की नीति बनाने का सरकार को निर्देश दिया जाए। इसके अलावा याचिका में कहा गया कि मजदूरों तथा मृतकों के साथ सम्मानजनक मानवीय व्यवहार किया जाए।