इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एपीओ भर्ती परीक्षा की प्रयागराज निवासी अभ्यर्थी लवली को मुख्य परीक्षा में शामिल होने की अंतरिम अनुमति दी है। मामले को विचारणीय मानते हुए उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) को निर्देश दिया कि वह 24 घंटे में याची के ऑनलाइन आवेदन का सत्यापन करे और नई हार्ड कॉपी की मांग किए बिना प्रवेश पत्र जारी करे।
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यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ नंदन की एकलपीठ ने दिया है। याची के अधिवक्ता ने अदालत को बताया कि लवली ने प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन आवेदन किया था। इसके बाद 15 मई 2026 को आवेदन की हार्ड कॉपी व सभी आवश्यक दस्तावेज भेज दिए थे। इसके बावजूद आयोग ने यह कहते हुए उनकी दावेदारी निरस्त कर दी कि ऑनलाइन आवेदन का प्रिंटआउट उपलब्ध नहीं कराया गया। अदालत ने राज्य सरकार को चार सप्ताह में जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई 10 अगस्त 2026 को निर्धारित की है।