दोस्त अर्जुन भुइया व हरि दोनों निवासी झारखंड भी उसके साथ थे। अर्जुन ने बताया कि ट्रेन छूटने के कारण वह टिकट नहीं ले सके थे, ऐसे में ट्रेन में ही टीटीई से टिकट बनवाया। इसके बाद वह जनरल बोगी की गेट पर जबकि अरुण गली में खड़ा था। 20 अक्तूबर की रात ट्रेन छिवकी स्टेशन से आगे बढ़ी, तभी दो पुलिसकर्मी आए और टिकट चेक करने लगे। आरोप है कि टीटीई से बनवाया गया टिकट दिखाने के बावजूद पुलिसकर्मी नहीं माने और धक्कामुक्की व मारपीट शुरू कर दी।
इसी दौरान अरुण ट्रेन से नीचे गिर गया और उसकी मौत हो गई। उस वक्त ट्रेन ऊंचडीह रेलवे स्टेशन पार कर रही थी। अन्य यात्रियों के बताने पर पता चला कि सिपाहियों ने अरुण से 200 रुपये भी लिए थे। यात्रियों ने चेन पुलिंग की लेकिन तब तक ट्रेन बहुत दूर निकल चुकी थी। अगले स्टेशन विंध्याचल पहुंचने के बाद उसने नीचे उतरकर पुलिसकर्मियों को सूचना दी। जिसके बाद शव को मर्चरी भेजवाया गया। उधर अगले दिन उसने जंक्शन स्थित जीआरपी थाने में पहुुंचकर तहरीर दी।
बताया कि आरोपी सिपाहियों में कृष्ण कुमार सिंह व आलोक कुमार पांडेय शामिल थे। सूत्रों का कहना है कि दोनों छिंवकी स्टेशन पर तैनात हैं और घटना के बाद से फरार हैं।तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई। जीआरपी इंस्पेक्टर राजीव रंजन उपाध्याय ने बताया कि गैरइरादतन हत्या, एससीएसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
ट्रेन से गिरी महिला की मौत
कीडगंज में ट्रेन से गिरकर महिला की मौत हो गई। ईदगाह के पास रेलवे ट्रैक के पास 50 वर्षीय अज्ञात महिला जख्मी हाल में मिली थी। एसआरएन अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।