फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फर्जी प्लेटलेट्स केस : मरीज की मौत में केस में एक नामजद, अस्पताल के डॉक्टर-कर्मचारी भी आरोपी

Fri, 21 Oct 2022 11:45 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

आरोप है कि डॉक्टरों ने सतीश साहू को अपना आदमी बताते हुए कहा कि 25 हजार में वह प्लेटलेट्स का इंतजाम कर देगा। इस पर सतीश से संपर्क कर प्लेटलेट्स ली गई। इसकी तीन यूनिट चढ़ाने के बाद ही उनकी हालत खराब होने लगी। 
विज्ञापन
Prayagraj News : फर्जी प्लेटलेट्स के मामले में सील किया गया हॉस्पिटल। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

धूमनगंज में डेंगू पीड़ित प्रदीप पांडेय निवासी बाकराबाद, बमरौली की मौत के मामले में शुक्रवार को मुकदमा दर्ज कर लिया गया। उनकी पत्नी वैष्णवी पांडेय की तहरीर पर धूमनगंज थाने में प्लेटलेट्स उपलब्ध कराने वाला सतीश साहू नामजद है। साथ ही झलवा स्थित ग्लोबल अस्पताल के अज्ञात डॉक्टरों व कर्मचारियों को भी आरोपी बनाया गया है। पत्नी की ओर से दी गई तहरीर में बताया गया है कि तबियत खराब होने पर उन्होंने अपने पति को 14 अक्तूबर को ग्लोबल अस्पताल में एडमिट कराया। डॉक्टरों के कहने पर परिजनों ने तीन यूनिट प्लेटलेट्स की व्यवस्था खुद से की। जिसे चढ़ाने के बाद पांच यूनिट प्लेटलेट्स की और जरूरत बताई गई। 

विज्ञापन



आरोप है कि डॉक्टरों ने सतीश साहू को अपना आदमी बताते हुए कहा कि 25 हजार में वह प्लेटलेट्स का इंतजाम कर देगा। इस पर सतीश से संपर्क कर प्लेटलेट्स ली गई। इसकी तीन यूनिट चढ़ाने के बाद ही उनकी हालत खराब होने लगी। हालत में सुधार न होेने पर उन्हें प्रयागराज हार्ट केयर में भर्ती कराया गया। जहां डॉक्टरों ने पति को चढ़ाई गई प्लेटलेट्स फर्जी होने की आशंका जताई। साथ ही बताया कि खून में क्लॉटिंग होने की वजह से उनकी हालत बिगड़ी। 

विज्ञापन

19 अक्तूबर की सुबह उनकी मौत हो गई। जिसके बाद दोपहर में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। धूमनगंज थाना के प्रभारी इंस्पेक्टर वजीउल्लाह खां ने बताया कि तहरीर के आधार पर ग्लोबल हॉस्पिटल के डॉक्टरों व कर्मचारियों पर केस दर्ज किया गया है। मामले में गैरइरातदन हत्या, आपराधिक साजिश, कूटरचना, धोखाधड़ी आदि धाराएं लगाई गई हैं। जांच की जा रही है। 


डेंगू के मरीज की मौत के मामले में मानवाधिकार आयोग ने मांगा जवाब
प्लेटलेट्स चढ़ाने के बाद डेंगू के मरीज की मौत के मामले को मानवाधिकार आयोग ने गंभीरता से लिया है। परिजनों ने प्लेटलेट्स की जगह मुसम्बी का जूस चढ़ाए जाने का आरोप लगाया है। राज्य मानवाधिकार आयोग की ओर से इस बाबत डीएम को पत्र लिखकर जवाब मांगा गया है। हालांकि, डीएम संजय कुमार खत्री ने आयोग का कोई पत्र मिलने से इंकार किया है। उनका कहना है कि आयोग का कोई पत्र आता है तो पूरी जानकारी दी जाएगी। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें