प्रयागराज। मेदांता गुरुग्राम में भर्ती कटरा निवासी कोरोना संक्रमित व्यक्ति को मंगलवार को गंभीर हालत में एसआरएन अस्पताल लाया गया। पांच घंटे के उपचार के बाद मरीज की मौत हो गई। इसके अलावा गंभीर बीमारियों से पीड़ित तीन अन्य कोरोना संक्रमितों की भी सांसें थम गईं। जिले में अब तक 244 लोग महामारी की चपेट में आकर जान गंवा चुके हैं।
एसआरएन अस्पताल के उप प्रभारी कोविड डॉ. सुजीत के मुताबिक कटरा निवासी व्यक्ति को दोपहर दो बजे वेंटिलेटर सपोर्ट के साथ गंभीर हालत में भर्ती कराया गया। मल्टी आर्गन फेल्योर की स्थिति से उनकी हालत गंभीर होती गई। पांच घंटे उपचार के बाद भी उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। सात बजे शाम उनकी मौत हो गई। वह कहां संक्रमित हुए, गंभीर हालत में उन्हें यहां क्यों भेजा गया, वहीं उपचार क्यों नहीं किया गया, इस बारे में संक्रमित के परिवारीजनों ने भी कोई जानकारी नहीं दी। वहीं दूसरी ओर खुल्दाबाद निवासी 70 वर्षीया महिला ने भी उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। उन्हें 20 सितंबर को कोविड संक्रमण के बाद भर्ती किया गया था। वह हेपेटाइटिस बी संक्रमण के साथ निमोनिया से पीड़ित थीं।
अतरसुइया की रहने वाली 67 वर्षीय बुजुर्ग की भी उपचार के दौरान मौत हो गई। उन्हें 19 सितंबर को भर्ती कराया गया था। उन्हें बीपी और सीओपीडी के कारण सांस लेने में दिक्कत थी। झूंसी निवासी 50 वर्षीय संक्रमित को 20 सितंबर को भर्ती कराया गया था। फेफड़ों में निमोनिया संक्रमण बढ़ने पर उनकी भी मौत हो गई। डॉ. सुजीत ने बताया कि कोविड वार्ड में दो मरीजों की हालत गंभीर बनी है, उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है। वहीं 80 मरीज हाई फ्लो ऑक्सीजन पर हैं।