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रेतीपुरा में किसान को सांड़ ने पटक कर मार डाला

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रामदास (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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सींगों से किया लहूलुहान, मौके पर ही दम तोड़ा

दुनका। ग्राम पंचायत बलेही पहाड़पुर के मझरा रेतीपुरा में फसल देखने गए 36 वर्षीय किसान रामदास पर सांड़ ने हमला कर दिया। सांड़ ने उन्हें सींगों पर उठाकर कई बार पटका। इससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
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शनिवार सुबह करीब सात बजे रामदास धान की फसल देखने गांव से करीब एक किलोमीटर दूर स्थित खेत पर गए थे। वहां सांड़ ने रामदास को दौड़ा लिया। जान बचाने के लिए रामदास भागे लेकिन सांड़ ने उन्हें सींगों पर उठाकर पटक दिया। रामदास जमीन पर गिरे तो सांड़ ने सीगों से उनके शरीर पर कई प्रहार किए। आसपास के खेतों में काम कर रहे लोगों ने शोर मचाया, लेकिन सांड़ वहां से नहीं हटा।
इस पर उन्होंने गांव में सूचना भेजी। गांव से तमाम लोग लाठी-डंडे लेकर खेत पर पहुंचे लेकिन तब तक रामदास दम तोड़ चुके थे। सांड़ ने उनके सीने और पूरे शरीर पर कई जगह प्रहार कर लहूलुहान कर दिया था। सूचना पर थाना शाही की पुलिस मौके पर पहुंची और शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। रामदास के परिवार में पत्नी कमला देवी और बेटा धर्मवीर है।

36 से ज्यादा लोगों को घायल कर चुके हैं सांड़

गांव वालों ने बताया कि इलाके में दो दर्जन से ज्यादा सांड़ों का झुंड है, जो अक्सर लोगों पर हमला कर देता है। दुनका-दुनकी, सुल्तानपुर, वलेही समेत आसपास के कई गांवों में सांड़ों का आतंक है। सांड़ पूर्व प्रधान वीरपाल के पुत्र शेर सिंह, सुराज अहमद, महेंद्र पाल, विद्याराम, जलपथ, सुरेंद्र, रूपलाल, जानकी प्रसाद, सेवाराम, लल्लू राम, लालता प्रसाद, रामऔतार, गेंदन लाल, छोटे लाल, सुमित, सुखलाल, सुंदरलाल और समर पाल समेत 36 से ज्यादा लोगों को घायल कर चुके है।

सांड़ों के हमले में पहले भी हुईं हैं मौतें

  • - अगस्त 2021 : नवाबगंज में सांड़ की टक्कर बाइक सवार अमान की मौत हो गई।
  • - मई 2020 : मीरगंज में दियोसास रोड के पास गुलड़िया के पूर्व प्रधान अनीस खां को सांड़ ने मार डाला।
  • - अप्रैल 2020 : हाफिजगंज के गांव मटकुला के इतवारी पर सांड़ ने हमला किया, दिल्ली में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

सांड़ों के आतंक से गांव वाले त्रस्त हैं। सांड़ जिस खेत में घुस जाते हैं, उसमें पूरी फसल बर्बाद कर देते है। लोग इकट्ठे होकर जाते हैं तभी सांड़ों को भगा पाते हैं। - सेवाराम, रेतीपुरा

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प्रशासन को गांव वालों की समस्या का संज्ञान लेकर सांड़ों से यहां से पकड़कर कहीं दूर छुड़वाना चाहिए। अन्यथा इसी तरह लोगों की जान जाती रहेगी। - मोतीराम, रेतीपुरा

सांड़ फसल के साथ ही लोगों के जीवन के लिए भी बड़ा खतरा बन गए हैं। पिछले साल सुकली गांव में भी सांड़ ने एक किसान को मार डाला था। - सुंदरलाल, रेतीपुरा

सांड़ों के डर से गांव वाले खेतों की ओर जाने से डरने लगे हैं। अब तक सांड़ क्षेत्र के तीन दर्जन से ज्यादा लोगों को हमला करके घायल कर चुके हैं। - वीरपाल, वलेही

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