कॉलेजों की फीस युवाओं की पढ़ाई की राह में बाधा नहीं होगी। जरूरत है कि अभिभावक अपनी हिचक तोड़कर बैंकों तक पहुंचें। बैंकों की ओर से यूजीसी, एआईसीटीई, आईएमसी से एप्रूव संस्थानों से ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन, प्रोफेशनल कोर्स करने वाले छात्र-छात्राओं को बिना शर्त एजुकेशन लोन उपलब्ध कराया जाता है। वित्त मंत्रालय ने बैंकों से एजुकेशन लोन को लेकर किसी प्रकार की बहानेबाजी को अपराध माना है। किसी भी जरूरतमंद छात्र को लोन नहीं देने पर नान सर्विस एरिया के नाम पर भी छूट नहीं मिलेगी।
देश के सभी राष्ट्रीयकृत बैंकों की ओर से पढ़ाई करने के लिए युवाओं की पढ़ाई में कोई बाधा नहीं पड़े इसके लिए एजुकेशन लोन की व्यवस्था की गई है। बैंकों की ओर से आईआईटी,आईआईएम जैसे रेगुलर डिग्री, डिप्लोमा कोर्स के लिए आगे बढ़कर एजुकेशन लोन उपलब्ध कराया जाता है। बैंकों से केंद्र एवं राज्य सरकारों की ओर से मान्यता प्राप्त टीचर्स ट्रेनिंग, नर्सिंग कोर्स के लिए बैंक लोन उपलब्ध कराया जाता है। बैंकों ने जॉब ओरिएंटेड कोर्स एमबीए, एमसीए, एमएस सहित कई महत्वपूर्ण कोर्स के लिए भी एजुकेशन लोन की व्यवस्था की है।
हमारे समाज में लोन के नाम पर नाक-भौं सिकोड़ने वाले लोगों के लिए बैंकों की ओर से लगातार काउंसलिंग करके अपने बच्चों का कैरियर संवारने के लिए लोन के लिए आगे आने को प्रोत्साहित किया गया है। सरकार की ओर से भी बैंकों से अधिक से अधिक लोन देने को प्रोत्साहित करने को कहा गया है। भारतीय स्टेट बैंक त्रिवेणी ब्रांच की सहायक महाप्रबंधक संगीता सहाय अस्थाना का कहना है कि वित्त मंत्रालय ने एजुकेशन लोन का टारगेट बढ़ाने को कहा है। उन्होंने कहा कि अब बैंकों को एजुकेशन लोन के आवेदन निरस्त करने पर उसका कारण बताना होगा। बैंक की ओर से अभिभावकों को परेशानी न हो इसके लिए लोन के लिए आवेदन के समय ही उन्हें चेक लिस्ट दी जाती है।
पंजाब नेशनल बैंक सर्किल आफिस के सीनियर मैनेजर क्रेडिट सैविश सिद्दीकी ने बताया कि एजुकेशन लोन पाने के लिए सबसे प्रमुख योग्यता छात्र-छात्रा को प्रवेश परीक्षा पास होना चाहिए। इसके साथ ही जिस संस्थान में प्रवेश ले रहे हैं, उसकी मान्यता आदि को लेकर कोई संदेह नहीं होना चाहिए। उन्होंने बताया कि बैंक चार से पांच लाख रुपये तक के एजुकेशन लोन के लिए कोई बैंक गारंटी नहीं मांगता है। इसके साथ उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी है कि वह एजुकेशन लोन में मांगे गए डाक्यूमेंट्स को पूरी तरह उपलब्ध कराएं नहीं तो आवेदन निरस्त होने पर बच्चे के भविष्य को लेकर संकट खड़ा हो जाएगा। उन्होंने अभिभावकों को हिचक तोड़कर बैंक तक आने की सलाह दी है। उनका कहना है कि जब प्रवेश ले रहे बच्चों के अभिभावक बैंकों तक नहीं पहुंचेंगे तो आखिर में उन्हें एजुकेशन लोन की आवश्यकता है, इसकी जानकारी बैंक को कैसे होगी। बैंकों ने छात्रोें की सुविधा के लिए अच्छे संस्थानों से संपर्क करके लोन उपलब्ध कराने की योजना बनाई है।
आवेदन से पहले जांचें चेक लिस्ट
- पासपोर्ट साइज का फोटोग्राफ, निवास प्रमाण पत्र, विद्यार्थी एवं अभिभावक का आयु प्रमाण पत्र
- परिचय पत्र के क्रम में पैन, वोटर आईडी कार्ड, पासपोर्ट अथवा दूसरे प्रमाण
- पूर्व के सभी शैक्षिक प्रमाण पत्र
- जिस संस्थान में प्रवेश लेना है, उसकी ओर से जारी पत्र
- संस्थान के प्रास्पेक्टस आदि में शुल्क के बारे में दिया गया पूरा विवरण जैसे कि प्रवेश शुल्क, हास्टल शुल्क आदि
- अभिभावक की संपत्ति का विवरण एवं गारंटर उपलब्ध कराने पर उसका विवरण