यह था पूरा मामला
जयप्रकाश ने पुलिस को बताया कि आशीष उसका दोस्त था। 2012 में चौक स्थित एक्सिस बैंक में तैनाती के दौरान एक दिन वह उसके घर आया। फिर कहा कि उसकी नई-नई नौकरी है और कंपनी ने खाता खुलवाने का टारगेट दिया है। ऐसे में वह एक खाता खुलवा ले। इसकेबाद उसने उसे अपने पैन व आधार कार्ड की छायाप्रति देते हुए एक फार्म प हस्ताक्षर भी कर दिए।
कुछ दिनों बाद पूछने पर आशीष ने बताया कि अब खाता खुलवाने की जरूरत नहीं है। मई 2021 में इनकम टैक्स विभाग की ओर से मैसेज आने पर पता चला कि उसके नाम से चौक एक्सिस बैंक शाखा में खोले गए खाते में 53 करोड़ रुपयों का लेनदेन हुआ है। आयकर विभाग ने 2015 व 2016 में इस संबंध में उसके नाम से नोटिस भी जारी किया। इसके बाद भुक्तभोगी ने केस दर्ज कराया।