फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaushambi : दिव्यांग की हत्या कर शव खेत में फेंका, नोंच रहे थे कुत्ते, खेत में शव को जलाने की हुई थी कोशिश

Sun, 18 Feb 2024 02:05 PM IST
विनोद सिंह अमर उजला नेटवर्क, कौशाम्बी

सार

छोगरियन का पूरा निवासी लालचंद्र ने बताया कि उसका भाई श्रीचंद्र (30) पैर से दिव्यांग था। वह ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। 10 फरवरी को श्रीचंद्र घर से ई-रिक्शा लेकर निकला, इसके बाद वापस नहीं आया।
विज्ञापन
शव मिलने की सूचना पर छानबीन करती पुलिस। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

छोगरिया का पूरा गांव से 10 फरवरी को गायब दिव्यांग युवक का अधजला शव शनिवार को समदा गांव के समीप एक खेत में मिला। कुत्ते शव नोंचकर खा रहे थे। लोगों की नजर पड़ी तो घटना की जानकारी हो पाई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार सिर में गहरी चोट के कारण मौत हुई।

विज्ञापन


छोगरियन का पूरा निवासी लालचंद्र ने बताया कि उसका भाई श्रीचंद्र (30) पैर से दिव्यांग था। वह ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। 10 फरवरी को श्रीचंद्र घर से ई-रिक्शा लेकर निकला, इसके बाद वापस नहीं आया। काफी खोजबीन के बाद भी पता नहीं चला तो 13 फरवरी को उसने पुलिस को तहरीर दी थी।

शनिवार को एक कुत्ता मृतक के पैर का अवशेष लेकर समदा गांव पहुंच गया था। लोगों की नजर पड़ी तो उन्हें शक हुआ। लोग कुत्ते के पीछे गए, आसपास के खेतों में भी गए तो गेहूं के एक खेत में शव पड़ा मिला। शरीर का कुछ हिस्सा जला हुआ था।
विज्ञापन


इंस्पेक्टर संतोष शर्मा का कहना है कि पोस्टमार्टम में मौत का कारण सिर में चोट लगना बताया गया है। शव की पहचान खत्म करने की भी कोशिश की गई थी। मामले में भाई की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।

विज्ञापन

शुक्रवार को परिजनों ने कोतवाली में किया था प्रदर्शन

श्रीचंद्र के गायब होने के बाद पुलिस गुमशुदगी दर्ज कर मामला भूल गई थी। इससे नाराज परिजनों ने शुक्रवार को कोतवाली में प्रदर्शन किया था। पुलिस ने आश्वासन दिया था कि जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा। 

अषाढ़ा गांव में मिली अंतिम लोकेशन

श्रीचंद्र की गुमशुदगी दर्ज करने के बाद पुलिस ने क्षेत्र में लगे करीब 30 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसमें श्रीचंद्र समदा चौराहे तक तो दिखा लेकिन उसके बाद उसका कुछ पता नहीं चला। पुलिस आगे के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की तरफ बढ़ी तो अषाढा तक अंतिम लोकेशन दिखी। लेकिन उसका ई-रिक्शा कोई और चला रहा था। अब पुलिस उस युवक की पहचान करने की कोशिश कर रही है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें