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प्रयागराज : न्यूरो सर्जन डॉ. कार्तिकेय शर्मा की सुरक्षा में लगा सिपाही संदिग्ध हाल में लापता

Mon, 15 Aug 2022 01:24 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

सिपाही मूल रूप से बागपत जिले का रहने वाला है। वर्तमान में उसकी तैनाती पुलिस लाइन में है। पुलिस लाइन से उसे डॉ कार्तिकेय शर्मा की सुरक्षा गार्द में तैनात किया गया है। उसकी पत्नी नीलम एजी ऑफिस में कर्मचारी है।
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up police demo - फोटो : फाइल फोटो
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विस्तार
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शहर में रहने वाले न्यूरो सर्जन डॉ कार्तिकेय शर्मा की सुरक्षा में तैनात सिपाही राजीव कुमार संदिग्ध हाल में लापता हो गया। वह छुट्टी पर गया था लेकिन अवकाश की अवधि बीतने के बाद भी वापस नहीं आया। पत्नी ने कैंट थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई है। खास बात यह है कि उसके बैग में एक कागज मिला है जिसमें लिखा है कि मैं गंगा मैया की शरण में जा रहा हूं। पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है।

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सिपाही मूल रूप से बागपत जिले का रहने वाला है। वर्तमान में उसकी तैनाती पुलिस लाइन में है। पुलिस लाइन से उसे डॉ कार्तिकेय शर्मा की सुरक्षा गार्द में तैनात किया गया है। उसकी पत्नी नीलम एजी ऑफिस में कर्मचारी है। रविवार को वह एसएसपी के पास पहुंची और बताया कि उसका पति सात अगस्त को गांव जाने की बात कहकर घर से निकला था लेकिन अब तक वापस नहीं लौटा है। एसएसपी के निर्देश पर पुलिस जांच पड़ताल में जुटी तो पता चला की सिपाही ने सात अगस्त को तीन दिन का अवकाश लिया था।

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अवकाश स्वीकृत होने के बाद वह पुलिस लाइन पहुंचा और खुद के नाम पर आवंटित शस्त्र जमा करके वहां से चला गया। उसे 11 अगस्त को वापस आना था लेकिन वह नहीं आया। जांच पड़ताल करते हुए पुलिस डॉक्टर के आवास पर पहुंची तो वहां सिपाही का बैग मिला। तलाशी में इस बैग में एक कागज मिला, जिसमें लिखा था कि मैं गंगा मैया की शरण में जा रहा हूं।


पुलिस सूत्रों का कहना है कि जांच पड़ताल में यह बात सामने आई है कि सिपाही और उसकी पत्नी के बीच आए दिन विवाद होता रहता था। कैंट इंस्पेक्टर रुकुमपाल सिंह ने बताया कि फिलहाल पत्नी की सूचना पर गुमशुदगी दर्ज कर ली गई है। सिपाही की तलाश की जा रही है।

सात अगस्त से ही बंद है नंबर
पुलिस सूत्रों का कहना है कि जांच पड़ताल के दौरान ही यह भी पता चला कि सिपाही का मोबाइल सात अगस्त से ही बंद है। उसकी आखिरी लोकेशन शहर में ही थी, इसके बाद से उसका मोबाइल बंद हो गया।
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