इलाहाबाद। फर्जी वोटिंग की शिकायतों के बीच बृहस्पतिवार को पंचायत चुनाव के चौथे चरण में 55.77 फीसदी मतदान हुआ। कुछ जगह प्रत्याशियों के समर्थकों के बीच तीखी नोकझोंक और मारपीट भी हुई, लेकिन फोर्स समय पर पहुंच गई और बवाल बढ़ने से पहले थम गया। हंडिया ब्लॉक के लाक्षागृह इलाके में चार बूथों पर गलत मतपत्र पहुंचने के कारण हंगामा हुआ और वहां निर्धारित समय से दो घंटे बाद मतदान शुरू हो सका।
इस दौरान प्रेक्षक सहित प्रशासन और पुलिस के उच्चाधिकारी भी लगातार संवेदनशील इलाकों का दौरा करते रहे। पंचायत चुनाव के सभी चारों चरणों के तहत मतदान पूरा होने के बाद अब पहली नवंबर को मतगणना होगी, जिसकी तैयारी प्रशासन पहले से कर चुका है।
चौथे एवं अंतिम चरण के तहत बृहस्पतिवार को गंगापार के बहादुरपुर, हंडिया, सैदाबाद, प्रतापपुर और धनूपुर ब्लॉक में जिला पंचायत एवं क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए वोट पड़े। सुबह बारिश की वजह से मतदान की गति कुछ धीमी रही लेकिन बादलों के छंटते ही बूथों पर लाइन लग गई और राजनीतिक सरगर्मी भी बढ़ गई। बूथों पर वोटरों की भीड़ बढ़ने के साथ फर्जी मतदान और मारपीट की सूचना आने लगी। बहादुरपुर ब्लॉक के दुबावल गांव में फर्जी मतदान को लेकर पक्षों में मारपीट हो गई। बाद में फोर्स ने लाठी पटककर लोगों को वहां से खदेड़ा। बहादुरपुर के ही बीकापुर और बरियारी में भी फर्जी मतदान को लेकर दो पक्षों में मारपीट हुई लेकिन फोर्स ने समय से मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाल ली।
इसके अलावा सैदाबाद के बरौती, तारापार, डुमडुमा, खपटिहा, हंडिया के उपरहार, बहादुरपुर के कैथवल, धनूपुर के फरीदपुर आदि गांवों से फर्जी मतदान को लेकर दो पक्षों में तीखी नोकझोंक हुई। हालांकि इस दौरान प्रेक्षक हिमांशु कुमार, कमिश्नर राजन शुक्ला, डीआईजी भगवान स्वरूप, डीएम संजय कुमार, एसएसपी केएस ईमैनुएल और सीडीओ अटल कुमार राय संवेदनशील इलाकों का निरीक्षण करते रहे। डीएम संजय कुमार ने 1200 या उससे अधिक मतदाताओं वाले बूथों पर अतिरिक्त व्यक्ति सहयोगी के रूप में लगाने के लिये निर्देश दिए ताकि बारिश के दौरान मतपेटिकाओं को ब्लॉक मुख्यालयों तक पहुंचाने में कोई दिक्कत न हो। तमाम बूथों पर शाम पांच बजे के बाद भी मतदान जारी रहा।