सूचना पर एसीपी करछना अजीत सिंह चौहान, एसडीएम राजेश श्रीवास्तव, इंस्पेक्टर नैनी यशपाल सिंह पहुंच गए। मौके से पांच लोगों के साथ एक भाजपा पार्षद को भी थाने ले जाया गया। उधर, भारी संख्या में भाजपाइयों को देख एनजीओ के कुछ लोग हॉल के पीछे वाले रास्ते से भाग निकले।
थाने में विभवनाथ की तहरीर पर कुल नौ लोगों पर नामजद केस दर्ज किया गया। इनमें से बेथनी कॉन्वेंट निवासी फादर बाबू फ्रांसिस, पूरा फतेह मोहम्मद निवासी माइकल सिल्वेस्टर, जॉन, चकदोंदी निवासी सेंड्रा सुजाता, पीटर पाल को गिरफ्तार कर लिया गया। एसीपी अजीत सिंह चौहान ने बताया कि चार अन्य आरोपियों सुसेराज, चकमुंडी निवासी मनोरमा, निर्मला, रंजन की तलाश की जा रही है।
कई दिनों से चल रहा था खेल
सूत्रों का कहना है कि बीते कई दिनों से चकमुंडी मोहल्ले में धर्मांतरण का खेल चल रहा था। मौजूद लोगों से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि नौकरी व पैसे के नाम पर उन्हें गुमराह किया जा रहा था। यह कार्यक्रम बीते दो साल से प्रति रविवार आयोजित किया जा रहा था। कार्यक्रम किराये के कमरे में होता था।
सभासद की भूमिका भी संदिग्ध
धर्मांतरण के नाम पर हंगामे की सूचना पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी पहुंच गए। लोगों ने बताया कि भाजपा के एक सभासद को इसकी पूरी जानकारी है। उसका वहां अक्सर आना जाना था। रविवार को हंगामे की सूचना पर भी वह पहुंचा तो उसे देख भाजपा पदाधिकारी नाराज हो गए और पुलिस उसे अपने साथ थाने ले गई। पूछताछ करने के साथ ही पुलिस ने उसे इसमें सम्मिलित लोगों को बुलाने की बात कही। बाद में तहरीर में उसका नाम नहीं दिया गया। हालांकि, थाने में ही भाजपा पदाधिकारियों ने उसे हिदायत जरूर दे डाली।