फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ateeq Ahmad :शाइस्ता की तलाश में ताबड़तोड़ दबिश, मायके वाले घर खुला छोड़कर भागे

Tue, 18 Apr 2023 11:18 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

अतीक की पत्नी और 50 हजार की इनामी शाइस्ता परवीन की तलाश में सोमवार की रात से लेकर मंगलवार दिन भर प्रयागराज से लेकर कौशांबी तक ताबड़तोड़ दबिश दी गई।
विज्ञापन
अतीक और अशरफ की हत्या के बाद शाइस्ता के पिता मो. हारुन चकिया कसारी मसारी स्थित आवास छोड़कर चले गए। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अतीक की पत्नी और 50 हजार की इनामी शाइस्ता परवीन की तलाश में सोमवार की रात से लेकर मंगलवार दिन भर प्रयागराज से लेकर कौशांबी तक ताबड़तोड़ दबिश दी गई। बरेठा, मरियाडीह, राजरूपपुर, चकिया, कसारी मसारी, हटवा और बम्हरौली इलाकों में कांबिंग कर शाइस्ता की तलाश की गई लेकिन कुछ पता नहीं चला।

विज्ञापन


कछारी इलाकों में भी पुलिस ने छानबीन की। चकिया इलाके में स्थित शाइस्ता के मायके वाले घर खुला छोड़कर फरार हो गए। अतीक अशरफ की हत्या के बाद पुलिस ने पूरा ध्यान शाइस्ता की तरफ केंद्रित कर दिया है। कई नजदीकी रिश्तेदारों को भी उठाया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।उमेश पाल हत्याकांड में नामजद शाइस्ता परवीन की तलाश में सोमवार की रात चकिया, कसारी मसारी, मरियाडीह और हटवा में दबिश दी गई थी।

पुलिस टीम में महिला सिपाहियों को भी शामिल किया गया था। इन इलाकों में पुलिस ने अतीक के करीबियों और रिश्तेदारों के घर दबिश दी। कई लोगों को उठाया गया लेकिन शाइस्ता नहीं मिली। मंगलवार दिन में पुलिस को सूचना मिली कि शाइस्ता बरेठा गांव के एक घर में है। भारी संख्या में फोर्स बरेठा गांव पहुंच गई। पूरे गांव की कांबिंग कर दर्जनों घरों की तलाश ली गई।

विज्ञापन

लेडी पुलिस ने महिलाओं की तलाशी लेकर शाइस्ता की पहचान की कोशिश की। हालांकि पुलिस को सफलता नहीं मिली। इसके अलावा राजरूपपुर और बम्हरौली इलाकों में भी शाइस्ता की तलाश की गई। कसारी मसारी में स्थित शाइस्ता के मायके वाले अपना घर खुला छोड़कर भाग निकले। बाहरी गेट खुला हुआ था। अंदर के सारे कमरे खुले हुए थे। अंदर आलमारी और बक्सों को ढंग से खंगाला गया था। सारे कमरों में चीजें जमीन पर बिखरी थी। बरामदे में एक खुली तलवार भी पड़ी थी। बगल में उसकी म्यान रखी थी।

मंगलवार की सुबह जब लोगों ने देखा हैरत में पड़ गए। जानकारी होने पर मीडियाकर्मी भी शाइस्ता के घर पहुंच गए थे। पुलिस अधिकारियों ने भी इस बात पर चुप्पी साध रखी है कि शाइस्ता के मायके वाले घर खुला छोड़कर क्यों चले गए। इसे लेकर तरह तरह की चर्चाएं व्याप्त थीं। कयास लगाए जा रहे थे कि कहीं कोई बड़ी बात की जानकारी होने पर घर वाले आनन फानन में चले गए।

विज्ञापन

रात में पुलिस ने चलाया था सर्च ऑपरेशन, घर की ली थी तलाशी

शाइस्ता के मायके में उसके पिता हारुन रहते हैं। हारुन पुलिस विभाग के रिटायर्ड एचसीपी हैं। शाइस्ता के दो भाइयों में से एक जकी अहमद मोहित जायसवाल अपहरणकांड में जेल में है। दूसरा भाई शबी अहमद अध्यापक है। दोनों भाइयों के परिवार वाले यहीं रहते हैं। कसारी मसारी में रहने वाले एक शख्स ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि अतीक अहमद और अशरफ की अंत्येष्टि के बाद घर वाले ताला लगाकर चले गए थे। सोमवार की रात पुलिस ने हारुन के घर की तलाशी ली थी। इसके बाद से ही पूरा घर खुला हुआ है। उन्होंने यह भी बताया कि हारुन की तबीयत बहुत ज्यादा खराब चल रही है। उन्हें किसी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें