मामले में याचिका की अधिवक्ता ने 21 सितंबर को कोर्ट को बताया कि ट्रेफिक जाम के कारण उसे अपना वाहन हाईकोर्ट गेट से एक किमी दूर पार्क कर जल्दी में आना पड़ा कि चार बजे के पहले कोर्ट में पहुंच सकें। ताकि, उसका केस अदम पैरवी में खारिज न हो जाए। कहा गया था कि सड़क पर कुछ पुलिस वाले भी थे, लेकिन वे ट्रैफिक जाम व पार्किंग व्यवस्था दुरुस्त करने में असमर्थ थे।
कोर्ट में मौजूद वकीलों सहित वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने भी याची के महिला वकील के सुर में सुर मिलाया था और कहा कि कोर्ट द्वारा उचित आदेश जारी किया जाना चाहिए। इस पर कोर्ट ने यातायात पुलिस के एसपी को तलब कर लिया था। हाईकोर्ट ने अधिकारी को तलब कर कहा था कि वह हाईकोर्ट परिसर के आसपास जाम की समस्या से निजात पाने के लिए ठोस कार्य योजना कोर्ट में पेश करें।