कोरोना के नोडल इंचार्ज डॉ. ऋषि सहाय ने बताया कि निजी हॉस्पिटल में 10 दिनों मेें आने वालों की सूची मांगी गई है। सभी को क्वारंटीन किया जाएगा और उनकी जांच कराई जाएगी। साथ ही हॉस्पिटल को भी सील किया जाएगा।
स्थानीय लोगों के मुताबिक यहां मरीजों और उनके तीमारदारों का लगातार आना-जाना बना हुआ था। डॉक्टर पांच दिन पहले बुखार आने के बाद पीजीआई गए थे। उधर, इविवि का लाइब्रेरियन कक्ष और उनका एमएनएनआईटी स्थित आवास, विज्ञान संकाय के एचओडी का कक्ष और उनका विभाग, टैगौर टाउन स्थित घर हॉटस्पॉट हो गया है। एचओडी के घर के तीन और लाइब्रेरियन के घर के तीन-तीन लोगों को क्वारंटीन कराया गया है।
इसके अलावा संपर्क में आने वाले अन्य लोगों की सूची मांगी गई है। टैगोर टाउन इलाके का 59 वर्षीय एक और व्यक्ति पॉजिटिव आया है। इसके सोर्स का पता नहीं चला है। इन्हें कोटवां-बनी में एडमिट कराकर परिवार के तीन लोगों को क्वारंटीन कराया गया है। उधर, जीआरपी लाइन में बैरक को सील किया गया है, जहां 30 वर्षीय जवान रह रहा था।
प्रीतमनगर के अबुबकरपुर इलाका भी हॉटस्पॉट हो गया है। यहां से पॉजिटिव आए 37 वर्षीय युवक के संपर्क में आने वाले पांच लोगों को क्वारंटीन किया गया है। हालांकि, करेली इलाका पहले से ही हॉटस्पॉट की सूची मेें शामिल है लेकिन बेली हॉस्पिटल के एनेस्थेटिस्ट का मकान नुरूल्लाहरोड पर है। इससे नुरूल्लाहरोउ तो हॉटस्पॉट होगा। साथ ही बेली अस्पताल की इमरजेंसी को सैनिटाइज कराया जाएगा। डॉक्टर के परिवार के दो लोगों को क्वारंटीन किया गया है।