शहर से सटे झूंसी इलाके की एक कॉलोनी के अर्धनिर्मित मकान से पुलिस ने रविवार रात अय्याशी के लिए जुटे नौ युवकों को एक लड़की के साथ पकड़ा। वहां कुछ और लड़कियों को आना था। पुलिस को मकान में शराब-बीयर की बोतलें, खाने-पीने की वस्तुएं और कांडोम भी मिले। घर के बाहर से कई बाइक और कार जब्त की गई। सबको थाने ले जाया गया। देर रात पुलिस ने लड़की को उसके घर भेज दिया था।
नारायण दास का पूरा गांव की देव नगर कॉलोनी में एक मकान अभी पूरी तरह से तैयार नहीं है। करीब तीन महीने से उसे अय्याशी का अड्डा बना लिया गया है। शाम होते ही वहां शहर और झूंसी इलाके के युवकों का जुटना शुरू हो जाता। फिर कई लड़कियां भी आ जातीं। आधी रात तक वहां मौजमस्ती होती। ग्राम प्रधान अवध नारायण उर्फ लल्लू सोनकर को कई बार शिकायत मिली। रविवार शाम भी सूचना मिली कि उस मकान में अय्याशी करने वालों का जमघट लगा है। इस पर प्रधान ने पहले झूंसी थाने को खबर दी और जब वहां से रेस्पांस नहीं मिला तो एसपी गंगापार दिगंबर कुशवाहा को फोन किया। फिर वह खुद कई लोगों के मकान पर पहुंच गए।
कुछ देर में सीओ पंचम (ट्रेनी आईपीएस) गणेश साहा भी पुलिस बल के साथ आ गए। उस मकान से निकलकर भाग रहे युवकों को पकड़ लिया गया। मकान के भीतर पुलिस को नौ युवक और एक लड़की मिली। पुलिस को पता चला कि कुछ देर में कई और लड़कियां उस ठिकाने पर आने वाली थीं। तलाश में शराब और बीयर की कई बोतल, खाने-पीने की चीजों के अलावा कांडोम भी मिले। मकान के दो कमरों की फर्श के साथ ही बाथरूम में भी गत्ते डालकर उन पर चादर बिछाई गई थी। मकान के बाहर तीन बाइक और एक फोर्ड फिगो कार खड़ी थी, जिन्हें जब्त कर लिया गया। पकड़े गए ज्यादातर युवक शहर के हैं। लड़की के बारे में पता चला कि वह अल्लापुर की रहने वाली है। हालांकि रात में पुलिस ने लड़की को घर भेज दिया जबकि युवकों से पूछताछ की जा रही थी कि अड्डे का संचालक कौन है।