घटना के बाद मौके पर जुटी भीड़।
- फोटो : अमर उजाला।
फरवरी में हुई थी शादी
मृतका के पति मनीराम ने बताया कि फरवरी में ही बड़े बेटे की शादी हुई थी। उन्होंने बताया कि वह 2015 में शहर आकर दुकान संचालित करने लगे थे। जबकि उनकी पत्नी व बेटे 2017 में यहां आए। इससे पहले वह कानपुर के बिल्हौर में ही रहते थे। बताया कि पत्नी मूल रूप से फर्रुखाबाद की रहने वाली थीं।
हत्या में प्रयुक्त सामान साथ ले गए हत्यारे?
मृतका के सिर में बांईं ओर गहरे जख्म का निशान मिला है। आशंका है कि किसी ठोस चीज से उनके सिर पर वार किया गया। पुलिस के मुताबिक यह ईंट या कोई घरेलू सामान जैसे सिल-बट्टा आदि हो सकता है। हालांकि जांच पड़ताल के दौरान पुलिस को मौके से कोई ऐसी चीज नहीं मिली। इससे यह भी आशंका जताई जा रही है कि हत्या में प्रयुक्त सामान हत्यारे साथ ले गए।
नकदी-गहने लूटे पर मोबाइल छोड़ गए
इस पूरे प्रकरण में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि गहने-नकदी लूटने वाले हत्यारों ने मृतका के मोबाइल को हाथ तक नहीं लगाया। घटना के बाद मोबाइल शव के पास ही कमरे में पड़ा मिला। फोरेंसिक टीम ने मोबाइल को कब्जे में लेने के साथ ही मौके से फिंगर प्रिंट के नमूने भी एकत्र किए हैं।
घूम-घूमकर करते रहे रेकी
मृतका के पति ने बताया कि चंदा मांगने वाले दोनों युवक पैंट शर्ट पहने हुए थे। वह भगवान शिव की फोटो लिए हुए थे और गले में भगवा गमछा भी डाले हुए थे। बोलचाल से वह आसपास के नहीं लग रहे थे। हालांकि पिछले दो तीन दिनों से वह मोहल्ले में घूम-घूमकर चंदा मांग रहे थे। पुलिस को आशंका है कि हो सकता है कि बदमाशों ने वारदात को अंजाम देने से पहले घूम-घूमकर रेकी की हो। ऐसा घर तलाशने की कोशिश की हो जहां महिलाएं अकेले हों। जब उन्होंने अच्छी तरह से जानकारी हासिल की तो मनीराम के घर को निशाना बनाया।
घटना के बाद मौके पर पहुंचकर छानबीन करती पुलिस।
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दिनदहाड़े वारदात, मोहल्ले वाले स्तब्ध
घटनाक्रम से साफ है कि वारदात दिनदहाड़े अंजाम दी गई। बेटा दोपहर 12:30 बजे घर से दुकान चला गया था।शाम छह बजे के करीब वह घर आया। वारदात इसी बीच अंजाम दी गई। उधर इस घटना की जानकारी मिली तो आसपास के लोग स्तब्ध रह गए। घनी बस्ती में दिनदहाड़े इस तरह की वारदात से कुछ लोग खौफजदा भी दिखे।
हत्यारों की तलाश के लिए पांच टीमें बनाईं
एसीपी पुष्कर वर्मा ने बताया कि मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की गई। हत्यारों की पहचान व उनकी गिरफ्तारी के लिए स्थानीय पुलिस व एसओजी की पांच टीमें लगाई गई हैं। हर एंगल पर जांच पड़ताल की जा रही है।