छोटा बघाड़ा में उच्चतम बाढ़ बिंदु (एचएफएल) के दायरे में आने वाले कई निर्माण इलाहाबाद विकास प्राधिकरण की टीम ने शुक्रवार को ध्वस्त कर दिए। अभियान के दौरान स्थानीय लोगों ने एडीए की कार्रवाई का खूब विरोध भी किया। एडीए के जेसीबी के आगे कुछ महिलाएं लेट गईं। इस दौरान लोगों की एडीए अफसरों एवं कर्मचारियों से झड़प भी हुई। बाद में एडीए दस्ते के साथ मौजूद फोर्स ने वहां से सभी को खदेड़ दिया। एडीए ने अब कार्य में बाधा डालने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही है।
एचएफएल के दायरे में किसी भी तरह के निर्माण पर रोक है। बावजूद इसके छोटा बघाड़ा के ढरहरिया क्षेत्र में कुछ लोग अवैध निर्माण करवा रहे हैं। अवैध निर्माण की रोकथाम के लिए जिला प्रशासन और एडीए की संयुक्त टीम शुक्रवार को एडीए सचिव वंदना त्रिपाठी शर्मा, प्रभारी अधिकारी राजकीय आस्थान टीके शिबु, सीओ कर्नलगंज वीरेंद्र कुमार, एडीए के जोनल अधिकारी आलोक पांडेय आदि के नेतृत्व में वहां पहुंच गए। एडीए द्वारा यहां तमाम प्लॉटों पर बनी बाउंड्रीवाल ढहाने का काम शुरू किया गया।
इस बीच चार निर्माणधीन भवनों का स्थल सील किया जाने लगा। तो वहां नीलू यादव और उसके साथ आई महिलाएं एडीए की कार्रवाई का विरोध करने लगी। कुछ महिलाएं जेसीबी के सामने लेट गई। हालांकि एडीए दस्ते के साथ आई महिला पुलिस ने जेसीबी के सामने लेटी महिलाओं को उठा दिया। इसके बाद एडीए ने अपनी कार्रवाई जारी रखी। संबंधित लोगों ने प्लॉट के सामने एक गाड़ी खड़ी कर अभियान में व्यवधान करने की कोशिश की, लेकिन पर्याप्त पुलिस बल के आगे किसी की एक न चली। पुलिस ने विरोध करने वाले लोगों को खदेड़ दिया। ओवर आल आज 14 अवैध निर्माण तोड़े गए, जबकि चार को सील कर दिया गया।