पिछले पंद्रह दिनों से पानी का संकट झेल रहीं ऊपरकोट इलाके में उस्मानपाड़ा की महिलाओं का गुस्सा 29 जुलाई की दोपहर को फूट पड़ा। महिलाओं ने क्षेत्रीय पार्षद के हाथ बांधे और धूप में बैठा दिया। खूब खरी खरी सुनाई। यहां ऊपरकोट स्थित हाथी डूबा पुल मार्ग को भी जाम कर दिया गया था। बाद में पुलिस पहुंची और जलनिगम के अफसरों से बात कराई। इसके बाद ही महिलाओं ने पार्षद को मुक्त किया। दोपहर बाद इस इलाके में पानी की आपूर्ति भी शुरू हो गई थी।
नगर निगम के वार्ड नंबर-68 के उस्मानपाड़ा इलाके में पिछले 15 दिनों से पानी का भीषण संकट है। यहां के लोग कई दफा अफसरों से शिकायत कर चुके लेकिन नतीजा सिफर ही रहा। आसपास के नलों से पानी ढोकर थक चुकीं महिलाओं का गुस्सा फूट गया। इलाके की 40-50 महिलाएं इकट्ठा हुईं और 11 बजे हाथी डूबा पुल स्थित ट्यूबवेल पर पहुंच गईं। यहां हंगामा शुरू कर दिया।
जानकारी पाकर सपा पार्षद अब्दुल मुत्तलिब भी पहुंच गए। उन्होंने महिलाओं को समझाने का प्रयास किया, लेकिन महिलाओं ने पार्षद को घेर लिया और दोनों हाथ बांधकर वहीं सड़क पर बैठा दियाा। ऊपरकोट स्थित हाथी डूबा पुल मार्ग को भी जाम कर दिया गया। करीब ढाई घंटे तक सड़क पर जाम लगा रहा।
बाद में पुलिस पहुंची और महिलाओं से पार्षद को मुक्त करने को कहा। इस पर महिलाएं नाराज हो गईं और कहने लगीं कि पिछले 15 दिन से पानी का संकट झेल रहे हैं। बाद में जलनिगम के अफसरों से बात कराई गई। आश्वासन मिलने पर महिलाएं मान गईं और पार्षद को मुक्त कर दिया। दोपहर बाद यहां पानी की आपूर्ति भी शुरू हो गई थी।
उस्मानपाड़ा में भी है पानी की समस्या
उस्मानपाड़ा के मालियन चौक, छंगा वाली मस्जिद, ऊंचा में करीब एक हजार की आबादी है। इन इलाकों में तीन मस्जिदें हैं, जहां से लोग अपने घरों के लिए पानी ले जा रहे हैं। मंगलवार सुबह 10 बजे यहां की महिलाएं पेयजल संकट को लेकर नगर निगम पहुंचेंगी।
इन मोहल्लों में पेयजल संकट
विष्णुपुरी, सुदामापुरी, घनश्यामपुरी, नौरंगाबाद, भुजपुरा कलवारी, मकदूमनगर, पठान मोहल्ला, सराय हकीम, जयगंज, खाईडोरा, हाथरस अड्डा, पक्की सराय, सराय हरनारायण, चंदनियां आदि मोहल्लों में पेयजल संकट है।