अलीगढ़-पलवल राजमार्ग पर खादी आश्रम के सामने स्थित सैनिक फैमिली वेलफेयर कैंटीन के बेसमेंट और गोदाम में शनिवार रात करीब 11 बजे आग लग गई। आग इतनी जबर्दस्त थी कि खैर, चंडौस, पिसावा के साथ ही अलीगढ़ से दमकल बुला ली गईं। करीब साढ़े पांच घंटे बाद सुबह करीब साढ़े चार बजे आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका।
आग बुझाने के दौरान करीब 40 मिनट तक अलीगढ़-पलवल हाईवे पर यातायात रोक दिया गया था, जिससे हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। कैंटीन संचालक की ओर से थाने में दी गई तहरीर में हुए नुकसान के बारे में कोई खुलासा नहीं किया गया है।
यह कैंटीन गांव इतवारपुर निवासी सगे भाई चुनमुन, नीरज और ओमपाल संचालित कर रहे हैं। कैंटीन में देशी घी, रिफाइंड, खाद्य तेल, ड्राई फ्रूट, चीनी, गुड़ सहित खाद्य सामग्री व अन्य सामान मिलता है। शनिवार की रात करीब 11 बजे कैंटीन के बेसमेंट और गोदाम से आग की तेज लपटें और धुआं निकलते देख आसपास के लोगों ने खबर दी तो परिवार वालों सहित कैंटीन संचालक मौके पर पहुंच गए।
वहीं सूचना पर पुलिस के साथ ही रात 12:15 बजे फायर ब्रिगेड की एक गाड़ी पहुंच गई और आग बुझाने का काम शुरू हुआ। वहीं आग की लपटों को देखते हुए खैर के साथ चंडौस, पिसावा व अलीगढ़ से भी दमकल बुला ली गई। हाईवे किनारे कैंटीन होने से 40 मिनट तक यातायात भी पुलिस ने रोक दिया था ताकि आग के कारण किसी तरह के धमाके आदि की स्थिति में हाईवे पर चलने वाले वाहनों और लोगों को बचाया जा सके।
कैंटीन की मालकिन सोनी देवी पत्नी राजीव कुमार की ओर से टप्पल थाने में दी गई तहरीर में सिर्फ यही लिखा गया है कि अज्ञात कारण से शनिवार की देर रात कैंटीन में आग लग गई। आग से हुए नुकसान के बारे में फिलहाल कुछ खुलासा तहरीर में नहीं किया गया है। थाना पुलिस का कहना है कि तहरीर के आधार पर आगे की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।