Prashant Bhushan's discourse during the speech
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डीएस कॉलेज के ऑडीटोरियम में शनिवार को उस समय हंगामा हो गया, जब प्रख्यात अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने भाषण के दौरान भारत माता जिंदाबाद, वंदेमातरम लगाने पर आपत्ति जताई। उन्हें पुलिस के घेरे में बाहर लाया गया। इसके बाद एबीवीपी कार्यकर्ताओं और आयोजक में मारपीट हो गई। इस मामले में आयोजक व एएमयू छात्रसंघ अध्यक्ष आदि के खिलाफ तहरीर दे दी है।
स्वराज अभियान उप्र की ओर से ‘अमन के लिए भ्रष्टाचार से मुक्ति’ विषय पर आयोजित सेमिनार में अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने केंद्र सरकार पर भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि सहारा, बिड़ला केस पर आर-पार की लड़ाई जारी रखने का आह्वान किया।
इसी बीच भाषण के दौरान भारत माता जिंदाबाद, वंदेमातरम की गूंज सुनाई देने लगी। आरोप है कि इस पर उन्होंने और मंच पर मौजूद एएमयू छात्रसंघ के अध्यक्ष फैजुल हसन ने आपत्ति जताई। इसी बात से नाराज होकर एबीवीवी के कार्यकर्ता हंगामा करते हुए मंच तक पहुंच गए। हंगामे की खबर पर पुलिस पहुंच गई। आयोजक व पुलिस ने आनन-फानन में प्रशांत भूषण को सुरक्षा घेरे में लेकर बाहर निकाला गया। वे दिल्ली रवाना हो गए। कार्यकर्ताओं ने एएमयू छात्रसंघ अध्यक्ष के आने पर विरोध जताया।
एबीवीपी छात्रनेता अमित गोस्वामी का कहना था कि उनसे मारपीट की गई है, जबकि कार्यक्रम आयोजक मोहम्मद हाशिम ने इस आरोप को सिरे से खारिज कर दिया। स्वराज अभियान उप्र के जिलाध्यक्ष विशाल यादव को पुलिस थाना गांधीपार्क ले आई। दोनों ओर से तहरीर दी गई है। एबीवीपी की ओर से दी गई तहरीर में आयोजकों व एएमयू छात्रसंघ अध्यक्ष आदि को आरोपी बनाया है। इंस्पेक्टर गांधीपार्क के अनुसार फिलहाल जांच जारी है और फिलहाल विशाल यादव को निजी मुचलके पर छोड़ा गया है।