संवाद न्यूज एजेंसी, सिकंदराराऊ।
शराब माफिया सोनू यादव के मकान को प्रशासन ने भारी सुरक्षा की बीच सोमवार को जब्त करके सील कर दिया। मकान की कीमत 16 लाख 78 हजार आंकी गई है। प्रशासन की यह कार्रवाई कोतवाली के एटा रोड स्थित गांव राजपुर में की गई। सोनू के खिलाफ यह कार्रवाई गिरोह बंद अधिनियम 27 एवं असामाजिक क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत की गई है।
तीन माह के अंदर संपत्ति अर्जन के विषय में स्पष्टीकरण नहीं दिया गया तो यह संपत्ति शासन की हो जाएगी। बता दें कि कोतवाली के गांव राजपुर निवासी सोनू के यहां कोतवाली पुलिस ने 11 मई, 2021 को छापेमारी की थी।
इस दौरान सोनू के घर से 12 सौ शराब के भरे पव्वे, 13 सौ खाली क्वार्टर, 50 लीटर शराब ड्रम में नकली क्यू आर कोड के साथ बरामद हुए थे। सोनू यादव पुत्र जगदीश यादव, शीलू पुत्र शलेंद्र, विशेष पुत्र हरपाल निवासी गांव राजपुर मौके से भाग गए थे।
सोनू की पत्नी निधि, अनिरुद्ध पुत्र नरोत्तम, विष्णु पुत्र हुुब्बलाल निवासी गांव गढ़िया को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। मौके पर पुलिस को शराब से लदी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली मिली। पुलिस ने तब विभिन्न धाराओं में सोनू तथा अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
इसके बाद कोतवाली पुलिस ने सोनू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। सोनू के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की गई। वर्तमान में सोनू जेल में हैं। कोतवाली पुलिस की आख्या के आधार पर प्रशासन ने सोनू की संपत्ति की जांच की। जांच में जिलाधिकारी ने पाया कि शराब की तस्करी एवं असामाजिक क्रिया कलापों से सोनू ने संपत्ति अर्जित की है।
जिसकी कीमत 16 लाख 78 हजार रुपए आंकी गई। जिलाधिकारी ने उक्त संपत्ति को जप्त करने के आदेश दिए। आदेश के तहत सोमवार को एसबीएम सिकंदराराऊ अंकुर वर्मा, सीओ सुरेंद्र सिंह, कोतवाल अशोक कुमार सिंह भारी फोर्स के साथ गांव में पहुंचे और सोनू के मकान की जब्ती की घोषणा की। इसके बाद भवन को सील कर दिया गया। सीओ ने कहा कि तीन महीने के अंदर यदि अर्जित की गई संपत्ति का ब्यौरा न दिया गया तो यह राज्य सरकार के पक्ष में हो जाएगी।