ऑपरेशन ऑल आउट के दौरान रविवार की देर रात जिला पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। गोंडा इलाके में चेकिंग के दौरान हुई मुठभेड़ में 20 हजार रुपये का इनामी कुख्यात हिस्ट्रीशीटर अपराधी अमरपाल दबोच लिया गया। इस दौरान अमरपाल पुलिस की गोली लगने से जख्मी हुआ है, जबकि उसका एक साथी भागने में कामयाब रहा। अमरपाल फरवरी माह में गोंडा क्षेत्र के ही शिक्षक सतवीर सिंह की हत्या में वांछित चल रहा था। देर रात घटना के बाद घायल बदमाश को जिला अस्पताल में कड़ी सुरक्षा में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार एसएसपी आकाश कुलहरि के निर्देश पर रात आठ बजे से जिले भर में ऑपरेशन ऑलआउट के तहत चेकिंग अभियान शुरू किया गया था। इस क्रम में एसओ गोंडा अजब सिंह मय हमराहों के खैर-गोंडा रोड के नयावास नहर पुल पर चेकिंग कर रहे थे। इस बीच करीब 8.45 बजे सफेद रंग की अपाचे बाइक पर आते दो लोगों को पुलिस ने चेकिंग के लिए रुकने का इशारा किया मगर उन्होंने रुकने के बजाय नगला बिरखू की ओर बाइक मोड़कर भागने लगे।
जब पुलिस ने पीछा शुरू किया तो बाइक सवार बदमाशों की ओर से फायरिंग की गई। पुलिस की ओर से भी जवाबी फायरिंग हुई। फायरिंग में बाइक चला रहे बदमाश के बाएं पांव में गोली लग गई, जबकि उसका साथी अंधेरे में पैदल ही खेतों में भागने में सफल रहा। गोली लगने से बाइक सहित मौके पर गिरे बदमाश की पहचान अमरपाल पुत्र तुलाराम निवासी चिंता की नगरिया गोंडा के रूप में हुई। उसे तत्काल जिला अस्पताल भिजवाया गया।
पुलिस के अनुसार अमरपाल गोंडा थाने का हिस्ट्रीशीटर है और ती फरवरी की शाम को चिंता की नगरिया के ही शिक्षक सतवीर सिंह की हत्या में वांछित था और 20 हजार का इनामी था। अब तक की पूछताछ में उसने अपने भागे हुए साथी का नाम सतीश निवासी लोनी गाजियाबाद बताया है, जिसकी तलाश में पुलिस की एक टीम कांबिंग में लगी है, जबकि अमरपाल का कड़ी सुरक्षा इलाज चल रहा है।
अमरपाल गोंडा थाने का हिस्ट्रीशीटर है। उस पर 17 के करीब मुकदमे दर्ज हैं। यह पुलिस की बड़ी सफलता है। चूंकि वह सुपारी लेकर हत्याएं करने और लूट आदि करने की घटनाओं में संलिप्त रहा है, इसलिए उससे पूछताछ में अन्य राज भी उगल सकते हैं। अभी उसका इलाज चल रहा है-
आकाश कुलहरि, एसएसपी अलीगढ़