आरोप है कि तहसीलदार ने नाम दुरुस्ती के एवज में एक हजार रुपये की मांग की। असमर्थता व्यक्त करने पर गालीगलौज करते हुए मारा-पीटा और धमकाया। कोतवाल नरेंद्र यादव ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
कस्बे में तैनात रहे तहसीलदार व राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारियों पर रिश्वत मांगने और मारपीट करने के गंभीर आरोप लगे हैं। इस मामले में नगला अहिवासी निवासी राकेश कुमार ने कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कराया है।
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राकेश कुमार का कहना है कि वह अधिवक्ता देवराज शर्मा के पास मुंशी के रूप में कार्यरत हैं। आरोप है कि चार फरवरी 2025 को मुवक्किल की खतौनी में नाम शुद्धि के लिए तहसीलदार रामचंद्र सिंह मूल निवासी एस 01-502 ईको फेस एक, सुपरटेक ग्रेटर नोएडा पश्चिमी, गौतमबुद्ध नगर के कार्यालय पहुंचे। वहां अजय सिंह निवासी मदापुर थाना बरला व राजस्व निरीक्षक हरवीर सिंह निवासी गांव देवसैनी थाना क्वार्सी भी मौजूद थे।
तहसीलदार ने नाम दुरुस्ती के एवज में एक हजार रुपये की मांग की। असमर्थता व्यक्त करने पर तीनों ने गालीगलौज करते हुए उन्हें मारा-पीटा और धमकाया। कोतवाल नरेंद्र यादव ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं तहसीलदार रामचंद्र सिंह का कहना है कि उनके द्वारा दर्ज कराए गए मुकदमे में दबाव बनाने के लिए झूठा परिवाद किया गया है।