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संपत्ति विवाद: अदालत में पेश की थाने की फर्जी रिपोर्ट, एक परिवार से तीन के खिलाफ मुकदमा दर्ज, ऐसे हुआ खुलासा

Sat, 03 May 2025 03:17 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

मामले में आरटीआई दायर की। जिसमें क्वार्सी थाना प्रभारी की ओर से जवाब दिया गया कि इस मामले में अदालत को थाना प्रभारी ने इस तारीख पर कोई रिपोर्ट नहीं दी। एसपी सिटी स्तर से जांच में पाया गया कि आरोपियों ने कूटरचित तरीके से थाने की रिपोर्ट बनाकर, मोहर लगाकर अनुचित तरीके से कोर्ट में पेश करा दी है।
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पुलिस ने दर्ज की रिपोर्ट - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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संपत्ति विवाद में मुकदमे का आदेश कराने वाले पक्ष ने अदालत में थाने की फर्जी रिपोर्ट पेश कर दी। यह खुलासा आरटीआई दायर किए जाने पर पुलिस जांच में हुआ है। जिसके आधार पर क्वार्सी थाने में अदालत से आदेश कराने वाले एक ही परिवार के तीन लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया है।

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यह है मामला
प्रकरण के अनुसार मामू भांजा गांधीपार्क के हरीशंकर मित्तल के खिलाफ अदालत ने एक संपत्ति मामले में 18 मार्च को मुकदमा दर्ज करने के आदेश क्वार्सी थाना पुलिस को दिए। यह आदेश अदालत ने हरिओम नगर निवासी राजकुमार गोयल की याचिका पर दिया। जब हरीशंकर मित्तल को जानकारी हुई तो उन्होंने एक तो अदालत के आदेश के खिलाफ रिवीजन सत्र न्यायालय में दायर किया। साथ में अदालत में दायर अर्जी पर हुई प्रक्रिया के विषय में जानकारी जुटाई। 

इस पर उन्हें जानकारी हुई कि 10 मार्च को अदालत में दायर हुई अर्जी पर थाना पुलिस की रिपोर्ट 11 मार्च को ही पहुंच गई। जिसमें थाने की मोहर व थाना प्रभारी के हस्ताक्षर सहित यह उल्लेख है कि इस संबंध में कोई मुकदमा थाने में दर्ज या लंबित नहीं है। इस पर सवाल खड़ा हुआ कि अर्जी दायर होने व अदालत से रिपोर्ट तलब किए जाने के एक दिन में ही ऐसा किस तरह संभव हुआ। 

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ऐसे हुआ खुलासा

उन्होंने मामले में आरटीआई दायर की। जिसमें क्वार्सी थाना प्रभारी की ओर से जवाब दिया गया कि इस मामले में अदालत को थाना प्रभारी ने इस तारीख पर कोई रिपोर्ट नहीं दी। थाना प्रभारी की इस रिपोर्ट पर एसपी सिटी स्तर से जांच कराई गई। जिसमें यह पाया गया कि खुद राजकुमार गोयल, योगेश गोयल व उनकी पत्नी वर्षा गोयल ने कूटरचित तरीके से थाने की रिपोर्ट बनाकर, मोहर लगाकर अनुचित तरीके से कोर्ट में पेश करा दी है। संपत्ति विवाद में गलत तरीके से लाभ प्राप्त करने के इरादे से ये किया। इसी आधार पर तीनों पर क्वार्सी में फर्जीवाड़ा करने का मुकदमा दर्ज किया है।

सीओ तृतीय अभय पांडेय ने मुकदमे की पुष्टि करते हुए कहा कि एक ही दिन में ये सब किया गया। पुलिस पेशकार तक को इसकी भनक नहीं लगने दी गई। इसी आधार पर तीनों पर मुकदमा दर्ज किया गया है। बता दें कि इसी मामले में पिछले दिनों पुलिस द्वारा अदालत के आदेश पर मुकदमा दर्ज न करने पर अवमानना याचिका भी अदालत में दायर की गई थी।
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