अलीगढ़ महानगर में कई क्लीनिक, अस्पताल और लैब अवैध रूप से संचालित है। स्वास्थ्य विभाग इन पर शिकंजा कसने में फेल साबित हो रहा है। इधर, महानगर में संचालित नर्सिंग होम, पैथोलॉजी, अस्पताल, डेंटल क्लीनिक और प्राइवेट क्लीनिक आदि से नगर निगम ने लाइसेंस शुल्क वसूलना शुरू कर दिया है। नगर निगम के इस अभियान में 25 ऐसे क्लीनिक और डेंटल क्लीनिक सामने आए, जिनके पास कोई वैध कागजात नहीं मिले।
न ही इन्होंने नगर निगम को लाइसेंस शुल्क ही जमा किया है। ऐसे में नगर निगम ने स्वास्थ्य विभाग से इन क्लीनिकों के पंजीकरण के अभिलेख मांगे है। स्वास्थ्य विभाग पिछले 20 दिनों से इनकी जानकारी देने में टालमटोल कर रहा है। ऐसे में नगर निगम ने दोबारा पत्राचार किया है।
महानगर में संचालित अस्पताल, क्लीनिक और लैब को नियमानुसार नगर निगम से लाइसेंस लेना पड़ता है। इसके लिए नगर निगम की टीम लगातार कार्रवाई कर रही है। इस दौरान हुई जांच शहर में 25 क्लीनिक ऐसे मिले हैं, जिन्होंने सालों से लाइसेंस शुल्क जमा नहीं किया है। इनकी सूची बना कर जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग को भेजी गई है।-वीर सिंह, सहायक नगर आयुक्त