शहर में कोराना वायरस के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन ने दस्तक दे दी है। विदेश से लौटे दो लोगों में पुष्टि हुई है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की नींद उड़ गई है। 13 दिसंबर 2021 को एक व्यक्ति नाइजीरिया से लौटा है। वह वहां नौकरी करता है। 17 दिसंबर को वह संक्रमित पाया गया था। 38 वर्षीय व्यक्ति का नमूना जिनोम सीक्वेंसिंग के लिए बाहर भेजा गया था। युवक की रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद उसे डिस्चार्ज कर दिया गया। बुधवार को युवक में ओमिक्रॉन वैरिएंट की पुष्टि हुई है।
इसके अतिरिक्त सर सैयद नगर के एक व्यक्ति में भी ओमिक्रॉन की पुष्टि हुई है। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. राहुल कुलश्रेष्ठ ने बताया कि सर सैयद नगर का व्यक्ति दिसंबर के दूसरे पखवाड़े में यूएई से आया है। संक्रमित पाए जाने के बाद उसका नमूना जिनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजा गया था। पंडित दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय स्थित लैब से विदेश से आए पांच संक्रमित लोगों का नमूना जिनोम सीक्वेंसिंग का पता लगाने के लिए बाहर भेजा गया था।
स्वास्थ्य विभाग के उड़े होश
दिसंबर माह में जिले में कोरोना के मरीज मिलने की शुरूआत हुई थी। जिसके बाद संक्रमितों को होम आइसोलेट किया गया था। इसके साथ ही ओमिक्रॉन वैरिएंट की जांच के लिए नमूना लखनऊ लैब भेजा गया था। अब नमूनों में ओमिक्रोन होने की पुष्टि ने स्वास्थ्य विभाग के होश उड़ा दिए हैं।
विभाग नए वैरिएंट से निपटने के साथ ही दोनों मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराए जाने की तैयारी में जुट गया है। सीएमओ ने इसकी पुष्टि की है।
इसके साथ ही देश में कोरोना वायरस के मामले एक बार फिर तेजी से बढ़ रहे हैं। कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए यूपी सरकार ने और पाबंदियों को बढ़ा दिया है। रात्रिकालीन कोरोना कर्फ्यू रात 10 से सुबह 06 बजे तक लागू कर दिया है। इसके अलावा 10वीं तक के सभी स्कूल 14 जनवरी तक स्कूल बंद कर दिए गए हैं।
इसके अलावा शादी समारोह व अन्य आयोजनों में बंद स्थानों में एक समय में 100 से अधिक लोगों एक साथ एकत्र होने की अनुमति नहीं है। खुले स्थान पर ग्राउंड की कुल क्षमता के 50 फीसदी से अधिक लोगों के उपस्थिति की अनुमति न दी जाए। मास्क-सैनिटाइज़र की अनिवार्यता रहे।