सांसद सतीश गौतम ने एचआरडी मंत्री, कुलपति, डीएम आदि को पत्र लिखा है। जिसमें कहा है कि कैंपस में असंवैधानिक मार्च निकाला गया है। इसे कैंपस का माहौल खराब हो सकता है। इस दौरान धार्मिक नारेबाजी कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की गई है।
एएमयू में फलस्तीन के समर्थन में छात्रों द्वारा जुलूस निकाले जाने के विरोध में सांसद सतीश गौतम ने भी एचआरडी मंत्री, कुलपति, डीएम सहित कई पटल पर पत्र भेजे हैं। उन्होंने साफ कहा है कि इस मामले में जुलूस निकालने वाले छात्रों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए और उन्हें निष्कासित किया जाए। वहीं पुलिस ने भी मंगलवार को कैंपस पहुंचकर तथ्य जुटाए। मगर पुलिस के सामने छात्रों ने तर्क रखा है कि एएमयू इंतजामिया ने साजिश रचकर मुकदमा दर्ज कराया है। वे हमारा स्थायी कुलपति की तैनाती से जुड़ा धरना खत्म कराना चाहते हैं।
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सांसद सतीश गौतम ने एचआरडी मंत्री, कुलपति, डीएम आदि को पत्र लिखा है। जिसमें कहा है कि कैंपस में असंवैधानिक मार्च निकाला गया है। इसे कैंपस का माहौल खराब हो सकता है। इस दौरान धार्मिक नारेबाजी कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की गई है। एक तरफ देश में जी-20 सम्मेलन के जरिये विश्व पटल पर देश की छवि निखर रही है। मगर ऐसे जुलूस गलत हैं। एएमयू ने अभी तक ऐसे छात्रों को निष्कासित नहीं किया है। यह पहला मौका नहीं है। इससे पहले मन्नान वानी जैसे आतंकी यहां से निकले, जिसे बाद में सेना ने मुठभेड़ में ढेर किया। अंत में उन्होंने इन छात्रों पर कठोर से कठोर कार्रवाई व एएमयू से निष्कासन की मांग उठाई है।
पुलिस ने पहुंचकर दिन में जुटाए साक्ष्य, छात्रों ने रखे तर्क
इस विषय में इंस्पेक्टर सिविल लाइंस विजय सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज किए जाने के बाद साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं। सोमवार को सीसीटीवी फुटेज संकलित किए गए। उसके आधार पर कुछ चेहरे सामने आए हैं। उन्हें चिह्नित कर छात्रों के बयान लेने की प्रक्रिया शुरू की गई है। मंगलवार को छात्रों से बातचीत की गई। उन्होंने अपना तर्क रखा है कि उनका जुलूस शांतिपूर्वक ढंग से निकाला गया। मगर यह मुकदमा एएमयू प्रशासन के इशारे पर पुलिस ने दर्ज किया है। एएमयू प्रशासन की मंशा स्थायी वीसी की तैनाती को लेकर चल रहे धरने को खत्म कराना है। इंस्पेक्टर का कहना है कि इस विषय में तथ्य एकत्रित कर आगे कार्रवाई तय की जाएगी। जो विधिक प्रक्रिया होगी, उसी अनुसार कार्रवाई होगी।
हम लोग भारत में रहते हैं। मगर कुछ लोग भारत की विचारधारा के खिलाफ मानव जाति का खतरा बनने वालों का समर्थन कर रहे हैं। यह गलत है। रहा सवाल कैंपस में जुलूस का तो कैंपस में छात्र पढऩे आते हैं। इस तरह के विषयों पर सरकारें व कानून अपना काम करते हैं। उन्हें अपना काम करने दें। छात्र अपनी पढ़ाई पर ध्यान दें।-इंजी.राजीव शर्मा, भाजपा महानगर अध्यक्ष
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दोनों देशों में शांति होनी चाहिए। रहा सवाल कैंपस में जुलूस और उसके खिलाफ मुकदमे का तो छात्रों द्वारा जुलूस अगर निकाला गया, उस पर एएमयू इंतजामिया को ध्यान देना चाहिए। पुलिस स्तर से मुकदमा दर्ज कराकर छात्रों के भविष्य को लेकर कोई गतिविधि नहीं करनी चाहिए। इंतजामिया स्तर से ही कार्रवाई होनी चाहिए।-संतोष सिंह, जिलाध्यक्ष कांग्रेस