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मामू-भांजा प्रकरण: सपा प्रतिनिधिमंडल मिला परिवार से, बोला-औरंगजेब के मौत की हो न्यायिक जांच

Sun, 23 Jun 2024 05:06 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

बीमार मां, बिलखती बहन व भाइयों द्वारा उठाए गए विषयों पर सपा नेताओं ने हर संभव मदद का भरोसा दिलाया और कहा कि पार्टी हर स्तर पर परिवार के साथ खड़ी है। इसके बाद सपाई डीएम-एसएसपी से उनके आवासों पर मिलने पहुंचे और उन्हें परिवार की मांगों से संबंधित मुद्दों पर ज्ञापन सौंपा।
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परिवार से बात करते सपा के प्रतिनिधि मंडल के सदस्य संभल के सांसद जियाउर्रहमान बर्क व अन्य - फोटो : संवाद
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विस्तार
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अलीगढ़ महानगर के मिश्रित आबादी वाले मामू-भांजा इलाके में चोरी के शक में गैर समुदाय के युवक की पिटाई से मौत का मुद्दा सियासी तूल पकड़ रहा है। इस मामले में 22 जून को सपा प्रदेश नेतृत्व द्वारा गठित किया गया प्रतिनिधि मंडल यहां पहुंचा और मृतक के परिवार से मुलाकात की। इस घटना को पहले दिन से भीड़ हिंसा में मौत करार दे रही सपा ने मामले में न्यायिक जांच की आवाज उठाई है। साथ में परिवार की मांगों का समर्थन करते हुए कहा है कि अगर मुकदमे में छेड़छाड़ हुई तो संसद व विधानसभा में लड़ाई लड़ी जाएगी। इस दौरान सपा प्रतिनिधि मंडल ने डीएम-एसएसपी से मुलाकात कर ज्ञापन भी सौंपा।

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पुराने शहर में 19 जून को हुए घटनाक्रम के बाद शहर में 22 जून को भी तनाव के हालात रहे। मगर बाजार सामान्य दिनों की तरह खुले। इस दौरान पुराने शहर में सेक्टर-जोन स्कीम के तहत फोर्स तैनात रही। इसी बीच दोपहर में सपा प्रतिनिधि मंडल घास की मंडी स्थित औरंगजेब के आवास पर पहुंचा। इस दौरान परिवार से मुलाकात की और उनके साथ दर्द साझा करते हुए उनकी बात सुनी। साथ में उनके द्वारा उठाए गए मुद्दों को सुना। 

बीमार मां, बिलखती बहन व भाइयों द्वारा उठाए गए विषयों पर सपा नेताओं ने हर संभव मदद का भरोसा दिलाया और कहा कि पार्टी हर स्तर पर परिवार के साथ खड़ी है। इसके बाद सपाई डीएम-एसएसपी से उनके आवासों पर मिलने पहुंचे और उन्हें परिवार की मांगों से संबंधित मुद्दों पर ज्ञापन सौंपा। दोनों अधिकारियों ने उन्हें उचित भरोसा दिलाया है।
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ज्ञापन में ये उठाई गईं मांगें
इस दौरान ज्ञापन में परिवार को एक करोड़ रुपया मुआवजा। किसी एक सदस्य को सरकारी नौकरी। मुकदमे के शेष आरोपियों की गिरफ्तारी। मुकदमे का जल्द से जल्द फास्ट ट्रैक में ट्रायल कराकर सजा। सोशल मीडिया पर मुआवजे को लेकर टिप्पणी करने वालों पर कार्रवाई। आरोपियों पर रासुका में कार्रवाई। मुकदमे में किसी तरह की छेड़छाड़ न होना। वीडियो फुटेज के आधार पर सभी पर कार्रवाई होना आदि मांगें रखी गईं।

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बुलडोजर समर्थक सरकार क्यों कर रही भेदभाव

इस मुद्दे पर प्रेसवार्ता के दौरान सपा प्रतिनिधि मंडल के प्रमुख सदस्य सांसद जियाउर्रहमान वर्क, विधायक कमाल अख्तर, पूर्व सांसद चौ.बिजेंद्र सिंह ने सरकार की मंशा पर सवाल खड़ा किया। इन नेताओं ने कहा कि बेशक सपा हमेशा से प्रदेश सरकार के बुलडोर अभियान का विरोध करती रही है। मगर इस घटना में अभी तक बुलडोजर कार्रवाई की समर्थक सरकार का बुलडोजर नहीं आया है। ये भेदभाव का उदाहरण है। अगर सरकार वाकई सबको साथ लेकर चलने के नारे पर काम करती है तो यह भेदभाव क्यों? सरकार को ऐसा नहीं करना चाहिए। सभी के साथ समानता रखनी चाहिए। पुलिस प्रशासन को भी न्याय के मुद्दे पर निष्पक्ष कार्रवाई करनी चाहिए। चोरी के इरादे से घर में घुसने का आरोप लगाकर उसे पीटा गया और मार दिया गया। अगर ऐसा भी था तो क्या इन लोगों को कानून पर भरोसा नहीं था। पकड़ कर पुलिस को क्यों नहीं सौंपा। ये महज भीड़ हिंसा है। अपने कृत्य को छिपाने के लिए इसे चोरी से जोड़ा जा रहा है। इसका वीडियो फुटेज साक्ष्य है। जिसमें जांच की कोई जरूरत नहीं है। सीधे कार्रवाई होनी चाहिए। 

1 जुलाई से भीड़ हिंसा पर नया कानून लागू होने जा रहा है। हम प्रयास करेंगे कि उसी कानून के अनुसार इस मुकदमे में कार्रवाई हो। मामले में न्यायिक जांच भी हो, ताकि सच सामने आए। अगर किसी तरह की रियायत आरोपियों के प्रति बरती गई तो विधानसभा व संसद में मुद्दा उठाया जाएगा। सपा नेताओं ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था के मुद्दे पर जो हालात बन रहे हैं। आने वाले चुनाव में भाजपा का प्रदेश से सूपड़ा साफ हो जाएगा। सरकार अपराध पर जीरो टॉलरेंस का दावा करती है। मगर ऐसा है नहीं। एक सवाल पर नेताओं ने कहा कि उनके किसी नेता ने भड़काऊ बयान नहीं दिया। बयानों को तोड़ मरोड़ कर पेश किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि डीएम स्तर से व बाकी शासन स्तर से मुआवजा दिलाने का भरोसा दिलाया गया है। बाकी मुद्दों पर भी भरोसा दिलाया है। इस मामले में अब सपा अध्यक्ष को रिपोर्ट दी जाएगी। फिर आगे कदम उठाया जाएगा।

ये नेता रहे प्रतिनिधि मंडल में
संभल से सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क, कांठ के विधायक कमाल अख्तर, पूर्व सांसद चौ. बिजेंद्र सिंह, सपा जिलाध्यक्ष लक्ष्मीधनगर, सपा महानगर अध्यक्ष अब्दुल हमीद घोषी, पूर्व जिलाध्यक्ष शिशु पाल, जिला महासचिव मनोज यादव, पूर्व महानगर अध्यक्ष अज्जू इश्हाक, अल्पसंख्यक सभा के महानगर अध्यक्ष मो. अनीस, युवजन सभा के निवर्तमान महानगर अध्यक्ष आमिर आबिद, संतोष जाटव, शिवकुमार राजौरिया, सलाउद्दीन अब्बासी के अलावा बाबा फरीद आजाद, रंजीत चौधरी आदि भी मौजूद रहे।
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