पूर्व सांसद व सपा के वरिष्ठ नेता चौ.बिजेंद्र सिंह ने कहा कि लखीमपुर खीरी कांड पर सर्वोच्च न्यायालय की टिप्पणी प्रदेश सरकार के मुंह पर तमाचा है। सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि लखीमपुर कांड पर प्रदेश सरकार की कार्रवाई एवं सीबीआई की जांच पर्याप्त नहीं है।
देश के मुख्य न्यायाधीश का यह मत है कि खीरी के किसानों की दर्दनाक मौतों पर सरकार ने पर्याप्त कदम नहीं उठाए और सीबीआई की जांच भी तो उन्हीं के अधीन है। यह अविश्वास की पराकाष्ठा नहीं है तो और क्या है। उन्होंने कहा कि देश प्रदेश की भाजपा की पहली सरकारें हैं, जिनके ईमान और कार्यवाहियों पर समय-समय पर उच्च न्यायालय और देश के सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अविश्वास की उंगली उठाई जाती रही है।
लखीमपुर की घटना के आरोप में भारत सरकार के गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र के बेटे आशीष मिश्र के फुटेज ही साक्ष्य के लिए पर्याप्त हैं। भारत सरकार के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ में संविधान और न्याय के प्रति आस्था और संकल्प है तो देश के किसान और आम जनता को सदमे से निकलने के लिए तत्काल प्रभाव से ग्रह राज्य मंत्री और उनके बेटे को अन्य अपराधियों के साथ जेल भेजे।