न्याय के लिए खटखटाएंगे अदालत का दरवाजा
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
निकाय चुनाव में मतदान से वंचित मतदाताओं को न्याय दिलाने के लिए भाजपा नेता न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे। हर बूथ से ऐसे पांच मतदाताओं का शपथ पत्र लेकर न्यायालय में जाएंगे, जिनका नाम मतदाता सूची से गायब है। कानून विशेषज्ञों से इसके लिए सलाह भी ली जा रही है। प्रशासन को घेरने की पूरी तैयारी है।
26 नवंबर को निकाय चुनाव हुआ था। मतदान करने पहुंचे हजारों लोग मतदाता सूची से नाम गायब होने के कारण मतदान से वंचित रह गए थे। उनका गुस्सा मतदान केंद्रों पर देखने को मिला था। सेंट फिदेलिस स्कूल केंद्र पर तो स्वर्ण जयंती के लोगों ने मतदान करने पहुंचे बरौली विधायक ठाकुर दलवीर सिंह से शिकायत की थी। उन्होंने इसकी शिकायत प्रशासनिक अधिकारियों से करने का आश्वासन दिया था।
डॉ. जसीम मोहम्मद ने इसकी शिकायत राज्य निर्वाचन आयोग से की थी। सौरभ सिक्ससंस ने भी राज्य निर्वाचन आयोग एवं मुख्यमंत्री एवं भाजपा अध्यक्ष को पत्र लिखा था। 29 नवंबर को मानव महाजन ने थाना सिविल लाइन में इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ तहरीर दी थी। मानव महाजन ने बताया कि हर मतदान केंद्र से पांच-पांच मतदाताओं का शपथ पत्र लेंगे और न्यायालय में जाएंगे। दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई किये बिना नहीं मानने वाले हैं।
अपनी ही सत्ता में धरना
भाजपाइयों के बीच हार को लेकर अंदरखाने अंतर्कलह बड़ी चर्चा का विषय बनी हुई है। अंदरखाने खबरें यहां तक हैं कि इस अंतर्कलह के साक्ष्य भी मिल रहे हैं और सभी बातें उच्चस्तर तक पहुंच रही हैं। ऐसे में भाजपाइयों द्वारा स्थानीय स्तर पर अपनी ही सरकार में धरना देना बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। इसके पीछे क्या वजह हो सकती है। कहीं अंतर्कलह मुद्दे को दबाना इस आंदोलन की वजह तो नहीं। इस विषय पर कोई कुछ बोलने को तैयार नहीं है।
रिपोर्ट दर्ज करने में प्रभारी निरीक्षक ने असमर्थता जताई
थाना सिविल लाइन के प्रभारी निरीक्षक जावेद खां ने मानव महाजन की तहरीर पर एफआईआर दर्ज करने में असमर्थता जताई और इससे संबंधित एक पत्र जिलाधिकारी को लिखा है। प्रभारी निरीक्षक जावेद खां ने भाजपा नेताओं को लिखित में दिया है कि 29 नवंबर को थाने में आकर शिकायत की गई थी कि जिला प्रशासन द्वारा जारी की गई मतदाता सूची त्रुटिपूर्ण होने के कारण लोग काफी संख्या में मतदान के अधिकार से वंचित रह गए। इसके लिए उत्तरदायी अधिकारी एवं कर्मचारियों के खिलाफ अभियोग पंजीकृत कर वैधानिक कार्यवाही की जाए। प्रभारी निरीक्षक ने लिखा है कि मानव महाजन के आरोपों का संबंध मतदाता सूची के पुनरीक्षण से संबंधित है, जो नगर निगम निर्वाचन क्षेत्राधिकार के अंतर्गत आता है। ऐसी स्थिति में प्राथमिकता दर्ज नहीं की जा सकती। उनकी तहरीर की कॉपी जिलाधिकारी के पास भेजकर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आग्रह किया है।